बड़ी खबर व्यापार

रेहड़ी पटरी वालों को जुलाई से मिलने लगेगी वित्तीय मदद

पीएम स्वनिधि के पहले चरण को सितंबर तक पूरा कर लिया जाएगा। सभी राज्यों व केंद्र शासित प्रदेशों की सलाह से सौ से अधिक शहरों का चयन कर लिया गया है।

नई दिल्ली। लॉकडाउन से सर्वाधिक प्रभावित शहरी क्षेत्रों के रेहड़ी पटरी वाले दुकानदारों को सितंबर से वित्तीय मदद मिलनी शुरु हो जाएगी। इसके लिए प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना के पहले चरण के लिए 108 शहरों को चिन्हित कर लिया गया है। इस बाबत शहरी विकास मंत्रालय और सिडबी के बीच शुक्रवार को एक करार किया गया।

योजना का लाभ 50 लाख रेहड़ी पटरी वालों को मिलेगा। स्वनिधि योजना की शुरुआत रेहड़ी पटरी वाले दुकानदारों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए की गई है। शहरी विकास मंत्रालय ने इस योजना को एक जून 2020 को लांच किया। योजना का उद्देश्य कोविड-19 से बुरी तरह प्रभावित रेहड़ी पटरी वालों को अपनी आजीविका शुरू करने के लिए सस्ती कार्यशील पूंजी मुहैया कराना है। इसके तहत इन दुकानदारों को 10 हजार रुपये तक की पूंजी ऋण के रूप में ले सकते हैं।

कर्ज की समय पर अदायगी करने वालों को सालाना मात्र सात फीसद का ब्याज चुकता करना होगा। ऋण की अदायगी जल्द करने पर ऋण की सीमा और बढ़ सकती है। मंत्रालय ने योजना से जुड़े सभी पक्षकारों को जानकारी भेजकर इसमें शिरकत करने का आग्रह किया था। इनमें बैंक, एनबीएफसी, सिडबी, स्ट्रीट वेंडर्स एसोसिएशन समेत सभी राज्य प्रमुख हैं।

पीएम स्वनिधि के पहले चरण को सितंबर तक पूरा कर लिया जाएगा। सभी राज्यों व केंद्र शासित प्रदेशों की सलाह से सौ से अधिक शहरों का चयन कर लिया गया है। शहरी विकास मंत्रालय और सिडबी के बीच शुक्रवार को हुए समझौते के तहत ऋण की धनराशि उपभोक्ता के सीधे बैंक खाते में जाएगी। जून के आखिरी सप्ताह में इसकी प्रक्रिया लांच कर दी जाएगी, जबकि सितंबर तक इसके पूरा हो जाने की संभावना है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *