हरियाणा के पूर्व DGP का व्हाट्सएप नंबर हैक कर उनके परिचितों को पैसे की डिमांड वाले मैसेज भेजे गए। अधिकांश परिचित तो लैंग्वेज देखकर समझ गए, लेकिन अंबाला एक हैड कांस्टेबल ट्रैप का शिकार हो गए। पूर्व DGP के द्वारा अब साइबर ठगों के खिलाफ मामला दर्ज करवाया है।
हरियााणा के पूर्व डीजीपी निर्मल सिंह ने बताया कि 9 मार्च की शाम को करीब 4 बजे उसके पास एक अज्ञात नंबर से फोन आया। उसके बताया कि आप के पास एक पार्सल आया है, उसे रिसीव करने के लिए आप अपने फोन से कॉल करके अपने पार्सल के बारे पता कर सकते हैं। जिसके बाद कॉल करने वाले ने मेरे वॉटसएप का ओटीपी अपने नंबर रिसीव कर लिया और अपने फोन में मेरा व्हाट्सएप नंबर शुरू कर दिया।
हैड कांस्टेबल बना ठगी का शिकार
साइबर ठगों ने पूर्व डीजीपी के सभी परिचितों को मैसेज भेजकर पैसे मांगना शुरू कर दिया। अधिकांश परिचित तो मैसेज की लैंग्वेज देखकर समझ गए, लेकिन अंबाला के एक हैड कांस्टेबल ने 40 हजार रुपए ट्रांसफर कर दिए। पूर्व डीजीपी की शिकायत पर पंचकूला साइबर थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
2005 में बने हरियाणा डीजीपी
आईपीएस अधिकारी निर्मल सिंह जुलाई 2005 में हरियाणा के DGP पद पर तैनात हुए थे, जो 31 अक्टूबर 2006 में रिटायर हो गए थे। डीजीपी पद पर रहते हुए वे अंबाला में रेड करने पहुंच गए थे। राजस्थानी वेशभूषा में उन्होंने एक एसएचओ को भी रिश्वत लेते हुए पकड़ा था।