पंजाब CM राष्ट्रपति से अकेले मिलेंगे:6 सांसदों के राइट टू रिकॉल की मांग करेंगे; विधायक साथ लाने की परमिशन नहीं मिली

पंजाब के 6 राज्यसभा सांसदों AAP छोड़कर BJP जॉइन करने के खिलाफ CM भगवंत मान 5 मई को राष्ट्रपति को मिलेंगे। सीएम को अकेले मुलाकात का टाइम मिला है। हालांकि CM मान ने सभी 94 विधायकों के साथ मुलाकात का टाइम मांगा था। इसके पीछे का मकसद ये था कि राइट टू रिकॉल के तहत 6 सांसदों की मेंबरशिप रद्द करा दोबारा वोटिंग कराई जा के।

इसको लेकर CM मान ने सोशल मीडिया (X) पर कहा- 5 मई को दोपहर 12 बजे राष्ट्रपति से मिलने का टाइम मिला है। न्योता सिर्फ मुझे मिला है। मैं विधायकों को लेकर राष्ट्रपति भवन तक जाऊंगा। विधायक बाहर रहेंगे और मैं राष्ट्रपति के पास जाकर पंजाब व लोगों की आवाज को मजबूती से रखूंगा।

राष्ट्रपति से क्यों मिलने जा रहे CM मान

आम आदमी पार्टी (AAP) के कुल 7 व पंजाब से राज्यसभा सांसदों के भाजपा में शामिल होने के बाद पार्टी में बड़ी फूट की खबरें सामने आई थीं। पालिटिकल एक्सपर्ट डॉ. कृपाल सिंह औलख की मानें तो विधायकों को साथ ले जाकर मान यह दिखाना चाहते हैं कि पंजाब के विधायक अभी भी उनके और अरविंद केजरीवाल के साथ पूरी तरह एकजुट हैं।

इसके अलावा वह पंजाब में भी मैसेज देने की कोशिश करेंगे कि उनकी पार्टी के 6 सांसदों ने पार्टी बदली तो उन्होंने उनकी मेंबरशिप खारिज करने तक की लड़ाई लड़ी। इससे इस बात का भी डैमेज कंट्रोल करने की कोशिश होगी कि AAP ने गैर पंजाबियों को चुनकर राज्यसभा भेजा था। चूंकि राज्यसभा के लिए विधायक वोटिंग करते हैं, इसलिए इसमें लोगों का सीधा दखल नहीं है। इस फैसले की जिम्मेदार उन्हें राज्यसभा भेजने वाली पार्टी ही होती है।