World Stroke Day: रोज़मर्रा की 5 ऐसी आदतें जो बढ़ा सकती हैं स्ट्रोक का जोखिम!

World Stroke Day: हर साल 29 अक्टूबर को विश्व स्ट्रोक दिवस मनाया जाता है ताकि लोगों को स्ट्रोक के लक्षणों के बारे में जागरूक किया जा सके। इस दिन का उद्देश्य है लोगों को इस बारे में उजागर करना कि किस तरह खुद को स्ट्रोक से बचाया जा सकता है ताकि समय पर इलाज हो सके। इंडियन स्ट्रोक एसोसिएशन के अनुसार, हर साल 17 मिलियन लोग स्ट्रोक का शिकार होते हैं, जिनमें से 60 लाख लोग मर जाते हैं और 50 लाख स्थायी रूप से विकलांग रह जाते हैं।

ऐसे कई कारण हैं, जिनकी वजह से स्ट्रोक का जोखिम बढ़ता है, जिनमें अधिक वज़न या मोटापा, शारीरिक रूप से निष्क्रियता, काफी शराब पीना, दवाओं का ज़्यादा उपयोग, सिगरेट पीना, उच्च रक्तचाप, उच्च कोलेस्ट्रॉल, मधुमेह, स्लीप एपनिया, दिल से जुड़े रोग जैसी बीमारियां स्ट्रोक की संभावना को बढ़ा सकती हैं। हम अपनी आदतों और लाइफस्टाइल कैसा बनाते हैं, इसका असर हमारी सेहत पर भी पड़ता है। स्वस्थ आदतें स्ट्रोक के ख़तरे को भी ज़रूर कम करती हैं। ऐसे में यह जानना ज़रूर है कि कौन-सी आदतें स्ट्रोक के जोखिम को बढ़ा सकती हैं।

डाइट में ज़्यादा नमक लेना

जो लोग डाइट में ज़्यादा नमक लेते हैं या फिर संतृप्त वसा, ट्रांस वसा और कोलेस्ट्रॉल से भरपूर डाइट का सेवन करते हैं, उन्हें स्ट्रोक और दिल के रोग का ख़तरा ज़्यादा होता है। पैकेज्ड और डिब्बाबंद खाना में भी नमक और नाइट्रेट परिरक्षकों की मात्रा काफी होती है, जिससे स्ट्रोक का ख़तरा बढ़ सकता है।

ख़राब लाइफस्टाइल

जिन लोगों की फिज़ीकल एक्टिविटी न के बराबर है या जो रोज़ाना वर्कआउट नहीं करते, उनमें भी स्ट्रोक का ख़तरा बढ़ता है। आलस भरी लाइफस्टाइल और मोटापा स्ट्रोक का जोखिम बढ़ाते हैं। ऐसी लाइफस्टाइल की वजह से मोटापा, हाई ब्लड प्रेशर, हाई कोलेस्ट्रोल और डायबिटीज़ का ख़तरा बढ़ता है, जिसकी वजह से आगे चलकर स्ट्रोक की संभावना भी बढ़ती है।

शराब पीना

अगर आप अक्सर ज़रूरत से ज़्यादा शराब पी लेते हैं, तो अब समय आ गया है कि खुद को रोक लें, क्योंकि इससे स्ट्रोक का ख़तरा बढ़ता है। ज़्यादा शराब पीने से ब्लड प्रेशर बढ़ता है और स्ट्रोक का ख़तरा भी।

स्मोकिंग और तंबाकू का उपयोग

स्मोक करना या फिर तंबाकू खाने से स्ट्रोक का जोखिम बढ़ता है। सिगरेट पीने से दिल और ब्लड वेसेल्स का नुकसान पहुंचता है, जिससे स्ट्रोक का ख़तरा हो जाता है।

नींद न पूरी होना

अगर आपकी अक्सर नींद पूरी नहीं होती या अच्छी नींद नहीं ले पाते, तो यह भी स्ट्रोक का बड़ा जोखिम कारक बनता है।

Disclaimer: लेख में दिए गए सुझाव और टिप्स सिर्फ सामान्य जानकारी के उद्देश्य के लिए हैं और इसे पेशेवर चिकित्सा सलाह के रूप में नहीं लिया जाना चाहिए। अपनी डाइट में किसी भी तरह के बदलाव करने से पहले अपने डॉक्टर या आहार विशेषज्ञ से ज़रूर सलाह लें।