Delhi Air Pollution: दिल्ली में पराली की भागीदारी हुई शून्य, अगले 24 घंटे में वायु प्रदूषण में आ सकता सुधार

ठंड बढ़ने और इसके साथ ही मौसमी उतार चढ़ाव के बीच दिल्ली-एनसीआर का एयर इंडेक्स भी कभी घटता नजर आता है कभी बढ़ता। कई दिनों से बहुत खराब श्रेणी में चल रही हवा के बीच शनिवार को भी वायु प्रदूषण को लेकर हालात कुछ ज्यादा ठीक नहीं है। वायु गुणवत्ता स्तर अब भी बढ़ा हुआ है। केंद्रीय पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय के अधीन वायु गुणवत्ता निगरानी संस्था सफर इंडिया के अनुसार, फिलहाल हवा की दिशा उत्तर- पश्चिमी चल रही है। हवा की गति शांत है। ऐसे में शनिवार को भी वायु प्रदूषण में वृद्धि ही होगी। हालांकि सफर के अनुसार रविवार और सोमवार को प्रदूषण के स्तर में कुछ कमी आ सकती है। दूसरी तरफ शुक्रवार को हरियाणा-पंजाब में पराली जलाने की 302 घटनाएं दर्ज की गईं। यह बात अलग है कि दिल्ली के प्रदूषण में पराली के धुएं की हिस्सेदारी नगण्य रही।

इससे पहले शुक्रवार को दिल्ली-एनसीआर का प्रदूषण एक बार फिर तेजी से बढ़ा। नोएडा, ग्रेटर नोएडा और गाजियाबाद की हवा गंभीर श्रेणी में जा पहुंची। दिल्ली और फरीदाबाद की हवा भी शनिवार को गंभीर श्रेणी में पहुंच सकती है। दूसरी तरफ दिल्ली के ज्यादातर इलाकों का एयर इंडेक्स तो 400 से ऊपर यानी गंभीर श्रेणी में चला ही गया है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) द्वारा जारी एयर क्वालिटी बुलेटिन के मुताबिक शुक्रवार को दिल्ली का एयर इंडेक्स 382 रहा। बृहस्पतिवार के 341 एयर इंडेक्स के मुकाबले शुक्रवार को इसमें 41 अंकों का इजाफा हुआ।एनसीआर के शहरों में गाजियाबाद का एयर इंडेक्स 440, ग्रेटर नोएडा का 415, फरीदाबाद का 383, गुरुग्राम का 318 और नोएडा का 414 दर्ज किया गया। दिल्ली की हवा में शाम पांच बजे प्रदूषक कण पीएम 10 की मात्रा 348 जबकि पीएम 2.5 कणों की मात्रा 203 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर रही। मानकों के अनुसार हवा में पीएम 10 की मात्रा 100 और पीएम 2.5 की मात्रा 60 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर से अधिक नहीं होनी चाहिए।