Haryana Budget Session: सीएम मनोहर लाल देंगे बजट प्रस्तावों पर चर्चा के बाद जवाब, हमलावर नजर आएगा विपक्ष

चार दिन के अवकाश के बाद सोमवार से शुरू हो रहे हरियाणा विधानसभा के बजट सत्र के दौरान हंगामा होना तय है। बजट प्रस्तावों पर चर्चा पूरी होने के बाद मुख्यमंत्री मनोहर लाल विधानसभा में अपना जवाब देंगे।

मुख्यमंत्री 72 विधायकों की आठ स्टैंडिंग कमेटियों द्वारा पेश की गई रिपोर्ट के आधार पर कुछ नए सुझाव भी बजट में शामिल कर सकते हैं। इस दिन सदन में बिल्डरों की मनमानी पर कांग्रेस विधायक गठबंधन सरकार से सवाल पूछते नजर आएंगे।

आज विधानसभा का बजट सत्र दोपहर बाद शुरू होगा। कांग्रेस विधायक चिरंजीव राव, नीरज शर्मा और इनेलो विधायक अभय सिंह चौटाला ने एनसीआर में बहुमंजिला इमारतों के निर्माण में इस्तेमाल होने वाली घटिया सामग्री पर ध्यानाकर्षण प्रस्ताव दिया है।

गुरुग्राम की चिंतल्स हाई राइज सोसायटी में एक फ्लोर गिर जाने के बाद पिछले दिनों हादसा हो गया था, जिसके बाद बिल्डरों द्वारा निर्माण में घटिया सामग्री के इस्तेमाल की बात सामने आई थी। बादशाहपुर के निर्दलीय विधायक राकेश दौलताबाद ने भी इसी मसले पर प्रदेश सरकार से सवाल पूछा है।

दौलताबाद ने राज्य सरकार से जानना चाहा है कि चिंतल्स हाई राइस सोसायटी के हादसे के बाद क्या सभी ग्रुप हाउसिंग सोसायटी के संरचना लेखों के लिए कोई आदेश जारी किया गया है।

ध्यानाकर्षण प्रस्ताव व दौलताबाद के सवाल के जवाब में राज्य सरकार बिल्डरों पर कसे जाने वाले शिकंजे के बारे में जानकारी दे सकती है। इस दौरान विधानसभा में नारनौंद के जजपा विधायक रामकुमार गौतम मिलावट रोकने के लिए सरकार के प्रयासों की जानकारी मांगते नजर आएंगे।

रामनिवास ने प्रदेश सरकार से पूछा है कि 2200 कंप्यूटर शिक्षकों के भविष्य के बारे में सरकार ने क्या सोचा है। गोहाना के विधायक जगबीर मलिक भर्ती प्रक्रिया पर सवाल उठाने वाले हैं तो महम के निर्दलीय विधायक बलराज कुंडू खाद की कमी के मुद्दे पर सरकार को घेरते नजर आ सकते हैं।

मुलाना के कांग्रेस विधायक वरुण चौधरी ने डोमिसाल की अवधि 15 साल से घटाकर पांच साल करने के पीछे सरकार की मंशा जाननी चाही है। नूंह के कांग्रेस विधायक आफताब अहमद ने ओवरलोड वाहनों से वसूल किए गए जुर्माने की जानकारी सदन में मांगी है।

विधानसभा में बजट प्रस्तावों पर चर्चा पूरी होने के बाद मुख्यमंत्री मनोहर लाल जवाब देंगे। इस दौरान विभिन्न समितियां अपनी वार्षिक रिपोर्ट सदन के पटल पर रखेंगी। हरियाणा लोक उपयोगिता के परिवर्तन का प्रतिषेध तथा हरियाणा अग्निशमन तथा आपातकालीन सेवा विधेयक समेत कुल छह विधेयक सदन में रखे जाएंगे।