अरहर और उड़द दाल आयात अगले वर्ष मार्च तक टैक्स फ्री किया सरकार ने

सरकार ने अरहर या तूर और उड़द दाल के आयात को अगले वर्ष मार्च तक के लिए शुल्क मुक्त कर दिया है। इसका उद्देश्य घरेलू आपूर्ति बढ़ाना और दाम को नियंत्रित करना है। एक आधिकारिक बयान में कहा गया है कि आवश्यक खाद्य वस्तुओं के दाम स्थिर रखने और उपलब्धता सुनिश्चित कराने की दिशा में सरकार ने पूर्व सतर्कता के साथ एक और कदम बढ़ाया है। इसके तहत अरहर और उड़द दाल के आयात को अगले वर्ष 31 मार्च तक के लिए आयात शुल्क के लिहाज से फ्री की कैटेगरी में रखा गया है।

घरेलू बाजार में दाम स्थिर रहेंगे और उपलब्धता बनी रहेगी

बयान के अनुसार सरकार के इस कदम से इन दालों का निर्बाध आयात होगा और घरेलू बाजार में दाम स्थिर रहेंगे और उपलब्धता बनी रहेगी। उम्मीद है कि इन दालों की पर्याप्त उपलब्धता से उपभोक्ताओं के लिए इनके दाम घटेंगे।

बीते साल दाल के आयात को शुल्क से मुक्त किया

सरकार ने पिछले वर्ष 15 मई को अरहर, उड़द और मूंग दाल के आयात को शुल्क से मुक्त किया था। यह छूट पिछले वर्ष 31 अक्टूबर तक के लिए थी। उसके बाद उड़द और अरहर आयात को इस वर्ष 31 मार्च तक के लिए शुल्क मुक्त श्रेणी में रखा गया था।

Free Category का मतलब है कि इंपोर्ट पर कोई पाबंदी नहीं

इस नीतिगत उपाय को संबंधित विभाग/संगठन करीबी निगरानी में आगे बढ़ा रहा है। Free Category का मतलब है कि इंपोर्ट पर कोई पाबंदी नहीं होगी। उपभोक्ता मामलों के विभाग के आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार 28 मार्च को अरहर दाल का औसत खुदरा मूल्य 102.99 रुपये प्रति किलोग्राम है, जो एक साल पहले 105.46 रुपये प्रति किलोग्राम से 2.4 प्रतिशत कम है। 28 मार्च को उड़द दाल का औसत खुदरा मूल्य 104.3 रुपये प्रति किलो है, जो एक साल पहले के 108.22 रुपये प्रति किलो से 3.62 प्रतिशत कम है।