एमएसपी पर समिति का गठन संयुक्त किसान मोर्चा से नाम मिलने पर, कृषि मंत्री ने कहा- वादे को लेकर सरकार प्रतिबद्ध

केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने शुक्रवार को राज्यसभा में बताया कि संयुक्त किसान मोर्चा (एसकेएम) से नामित सदस्यों के नाम मिलने के बाद सरकार न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर विशेषज्ञों की समिति का गठन कर देगी। संसद के उच्च सदन में एक सवाल पर तोमर ने कहा कि तीनों कृषि कानूनों को वापस लेने की घोषणा करते समय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा एमएसपी पर समिति बनाने के वादे को लेकर सरकार प्रतिबद्ध है।

एमएसपी पर समिति गठन की प्रक्रिया जारी

तोमर ने सदन को बताया कि सरकार किसानों के संगठन एसकेएम के संपर्क में है और जैसे ही उसकी तरफ से नाम बताए जाते हैं एमएसपी पर समिति का गठन कर दिया जाएगा। एक अन्य सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत केंद्र और राज्यों के बीच प्रीमियम साझा करने के तरीके में बदलाव का कोई प्रस्ताव सरकार के विचाराधीन नहीं है। पूर्वोत्तर राज्यों के लिए केंद्र 90 प्रतिशत प्रीमियम का भुगतान करता है। शेष राज्यों व केंद्र शासित प्रदेशों के लिए यह अनुपात 50:50 का है।

वरुण गांधी ने एमएसपी को लेकर निजी विधेयक पेश किया

भाजपा सांसद वरुण गांधी ने न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) को कृषि उपज के लिए कानूनी अधिकार बनाने के लिए शुक्रवार को संसद में एक निजी सदस्य विधेयक पेश किया। किसानों को कृषि उपज के न्यूनतम समर्थन मूल्य की गारंटी का अधिकार विधेयक, 2022 का उद्देश्य प्रत्येक किसान को अपनी कृषि उपज और इससे जुड़े मामलों के लिए न्यूनतम मूल्य प्राप्त करने का अधिकार सुनिश्चित करना है। पीलीभीत के भाजपा सांसद ने पिछले साल कृषि कानून विरोधी आंदोलन के दौरान सार्वजनिक रूप से किसानों का समर्थन किया था और सरकार को उनके साथ जुड़ने का सुझाव दिया था।