शूटर दादी प्रकाशी तोमर ने इंटरनेट मीडिया पर लगाई मदद की गुहार, कहा- बहू को एम्स में भर्ती करवा दो

शूटर दादी के नाम से दिल्ली-एनसीआर ही नहीं, बल्कि देश भर में मशहूर प्रकाशी तोमर (Shooter Dadi Prakashi Tomar) ने स्वास्थ्य के लिहाज से बेहद गंभीर अपनी बहू के इलाज के लिए इशारों-इशारों में योगी सरकार के साथ-साथ केंद्र सरकार (नरेन्द्र मोदी) से भी मदद की गुहार लगाई है। वह चाहती हैं कि उनके बहू कौशल (57) को दिल्ली स्थित अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान में भर्ती करवाया जाए, जिससे समूचित इलाज मिल सके।

दरअसल, अपने परिवार के साथ मेरठ में रहने वाली शूटर दादी प्रकाशी तोमर की बहू कौशल को ब्रेन हेमरेज का अटैक आया है। उनकी बहू की हालत काफी गंभीर बनी हुई है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश में इलाज के लिए बेहतर अस्पताल नहीं होने के चलते उन्होंने दिल्ली स्थित अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान में भर्ती कराने की अपील की है।

वहीं, प्रकाशो तोमर ने ट्वीट कर मदद की गुहार लगाते हुए लिखा है कि बहू को ब्रेन हेमरेज का अटैक आया है।  हालत काफी नाजुक है। जल से जल्द दिल्ली स्थित एम्स में इलाज के लिए मदद चाहिए,कृप्या मदद करेंं।

वरिष्ठ संवाददाता मनोज त्यागी के मुताबिक, प्रकाशी तोमर की बहू कौशल (57) को मंगलवार रात को ब्रेन हेमरेज की दिक्कत हुई, तभी से वह लगातार बेहोश हैं। उन्हें मेरठ के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां पर उनकी हालत गंभीर बनी हुई है। वहीं, पति रामवीर सिंह का कहना है कि वह मंगलवार से लगातार बेहोश हैं और हालत में कोई सुधार नहीं है। बेहतर इलाज के लिए गुहार लगाई है, ताकि दिल्ली स्थित एम्स में इलाज के लिए कौशल को ले जाया जा सके।

बता दें कि 1 जनवरी, 1937 को यूपी के मुजफ्फरनगर में जन्मीं प्रकाशी तोमर शूटर दादी ( रिवोल्वर दादी) के नाम से भी मशहूर हैं। इनके पति का नाम जय सिंह तोमर है। इनकी शादी गांव जोहरी, बागपत में हुई है। इनकी एक बेटी का नाम सीमा और दूसरी का नाम रेखा है। इनके जीवन पर फिल्म का नाम सांड की आंख है। दरअसल चंद्रो तोमर और प्रकाशी तोमर दोनों देवरानी जेठानी है और इन्हीं दोनों के नाम पर सांड की आंख फिल्म बनी है।