Black Fungus : ब्लैक फंगस का हरियाणा में बढ़ रहा खतरा, करनाल में तीन और नए मामले

कोरोना संक्रमण के साथ ब्लैक फंगस मरीजों को डराने लगा है। वीरवार को ब्लैक फंगस के तीन मरीज मिले हैं। अब तक जिले में ब्लैक फंगस से दो मरीजों की मौत हो चुकी है, जबकि आठ लोगों का इलाज चल रहा है। दूसरी तरफ कोरोना से छह लोगों की मौत बताई जा रही है जबकि 282 मरीज संक्रमित हुए हैं।

कोरोना संक्रमण के साथ ब्लैक फंगस के मरीजों की बढ़ती संख्या ने स्वास्थ्य विभाग की चिंता को बढ़ा दिया है। वहीं, संक्रमण के घटते आंकड़ों से राहत है। कल्पना चावला मेडिकल कालेज अस्पताल के निदेशक डा. जगदीश दुरेजा ने बताया कि वीरवार को ब्लैक फंगस के तीन मरीजों की पुष्टि हुई है जबकि 20 नए सैंपल जांच के लिए भेजे गए हैं।

अस्पताल में लगभग 50 लाख रुपये की लागत से एक मशीन लगाई जाएगी, जिससे वेंटीलेटर पर राहत न मिलने वाले मरीजों का इलाज किया जाएगा। उन्होंने बताया कि मरीजों की देखभाल के लिए चिकित्सकों की 24 घंटे तैनाती है। कोरोना से संक्रमण से बचाव के लिए हिदायतों का पालन करें और अस्पताल में भीड़ न करें।

कोरोना संक्रमित 617 मरीज हुए ठीक

कोरोना से पीडि़त 617 मरीज ठीक होकर घर गए जबकि 282 लोग संक्रमित हुए। जिले में कोरोना वायरस से संक्रमित अब तक लिए गए 347446 में 310113 सैम्पल की रिपोर्ट नेगेटिव आ चुकी है। उपायुक्त निशांत कुमार यादव ने सिविल सर्जन की रिपोर्ट के अनुसार बताया कि वीरवार को जिले में अब तक 37491 पॉजिटिव केस सामने आए थे, जिनमें 33521 मरीज ठीक होकर घर चले गए।

जिले का पॉजिटिविटी रेट 8.49 फीसद, रिकवरी रेट 89.41 फीसद, मृत्यु दर 1.20 फीसद है। उपायुक्त ने बताया कि जिले में वीरवार को 617 मरीज ठीक होकर अपने घर चले गए है। रिपोर्ट के अनुसार छह मौत हुई है। कोरोना से संक्रमित 282 नए केस सामने आए हैं जबकि अब तक 449 लोगों की मृत्यु हो चुकी है। इस प्रकार जिला में कोरोना वायरस के 3521 एक्टिव केस है। उपायुक्त ने कोरोना को लेकर अफवाह न फैलाने और हिदायतों का पालन करने की अपील की है।

कुंजपुरा में कोविड केयर सेंटर का निरीक्षण

अतिरिक्त उपायुक्त वीना हुड्डा ने वीरवार को कुंजपुरा के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में बनाए गए। कोविड केयर सेंटर का निरीक्षण किया और वहां की व्यवस्थाओं का जायजा लिया तथा वहां दाखिल मरीजों से बातचीत की। उन्होंने कहा कि जिले के सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों पर कोविड केयर सेंटर बनाए गए हैं ताकि कोविड-19 से प्रथम चरण में प्रभावित मरीजों को उनके घरों के आसपास ही ईलाज की सुविधा मिल सके ताकि मरीजों को करनाल या अन्य दूर-दराज के अस्पतालों में जाने की जरूरत न पड़े। यहां सभी मेडिकल सुविधाएं व पूर्ण रूप से तैयार ऑक्सीजन बेड उपलब्ध हैं।