घरेलू एयरलाइन इंडस्ट्री में प्रतिस्पर्धा बढ़ गई है। लगातार बढ़ती मांग को देखते हुए तीन बड़ी एयरलाइंस इंडिगो, एयर इंडिया और अकासा एयर अपनी-अपनी फ्लीट का आकार आक्रामक तरीके से बढ़ा रही हैं। ये कंपनियां अगले दो वर्षों (2027 के अंत तक) में 240 नए विमान खरीदेंगी या लीज पर लेंगी। मतलब हर महीने लगभग 10 नए विमान भारत आएंगे। इसका फायदा आम विमान यात्रियों को भी मिलेगा।
भारत में यात्रा के तरीके तेजी से बदल रहे हैं। लोग ट्रेन से फ्लाइट पर शिफ्ट हो रहे हैं। नए विमान आने से नए रूट खुलेंगे और मौजूदा मार्गों पर प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी। यात्रा के अधिक विकल्प मिलेंगे। अधिक विमानों का मतलब है बेहतर कनेक्टिविटी, नए सुविधाजनक प्लेन और संभवतः कम किराया।
रोजगार के अवसर बढ़ेंगे
दुनिया के सबसे तेजी से बढ़ते भारत के विमानन उद्योग में रोजगार में बड़ा उछाल आने की उम्मीद है। बोइंग के मुताबिक अगले डेढ़-दो दशक में देश को कम से कम 45,000 पायलट, इतनी ही संख्या में तकनीकी कर्मचारी और करीब पांच लाख केबिन क्रू की आवश्यकता होगी।