पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान आज (बुधवार को) जालंधर के दौरे पर हैं। सीएम मान पंजाब पुलिस अकादमी (PAP) में आयोजित होने वाली पासिंग आउट परेड में हिस्सा लिया। इस परेड में सीएम भगवंत मान, डीजीपी गौरव यादव परेड की स्लामी लिया। सीएम कुछ समय में नए कैडेट्स को प्रदेश की सेवा के लिए समर्पित करेंगे।
यह दौरा मुख्यमंत्री के उस विजन का हिस्सा है, जिसके तहत वे पंजाब पुलिस को आधुनिक बनाने और युवाओं को रोजगार देने पर लगातार जोर दे रहे हैं।
इससे पहले सीएम मान 30-31 जनवरी को भी जालंधर पहुंचे थे, जहां उन्होंने 1746 नए भर्ती हुए युवाओं को नियुक्ति पत्र सौंपे थे। उस समय सीएम ने स्पष्ट शब्दों में कहा था कि उनकी सरकार ने भर्ती प्रक्रिया से रिश्वत और सिफारिश के कल्चर को पूरी तरह खत्म कर दिया है। उन्होंने जोर दिया कि अब केवल योग्यता के आधार पर ही युवाओं को सरकारी नौकरियां मिल रही हैं, जिससे आम घरों के बच्चे भी ऊंचे पदों पर पहुंच रहे हैं।
गैंगवार पर सीएम का कड़ा रुख
पिछले दौरे के दौरान मुख्यमंत्री ने राज्य की सुरक्षा स्थिति पर खुलकर बात की थी। उन्होंने स्वीकार किया था कि पंजाब में गैंगवार की घटनाएं एक चुनौती बनी हुई हैं। इसी संदर्भ में उन्होंने नए भर्ती हुए पुलिस जवानों को संबोधित करते हुए कहा था कि अब इन चुनौतियों से निपटने की जिम्मेदारी नए रिक्रूट्स के कंधों पर भी है। सरकार का लक्ष्य पंजाब को अपराध मुक्त और सुरक्षित बनाना है, जिसके लिए पुलिस बल में नई ऊर्जा भरी जा रही है।
जालंधर मुख्यमंत्री की सक्रियता का केंद्र बना हुआ है। 13 फरवरी को मुख्यमंत्री ने जालंधर स्थित अपने सरकारी आवास पर लोक मिलनी कार्यक्रम का आयोजन किया था। इस दौरान उन्होंने सीधे जनता से संवाद किया, उनकी शिकायतें सुनीं और मौके पर ही अधिकारियों को समाधान के सख्त निर्देश दिए।
इसके अलावा, 21 जनवरी को उन्होंने फगवाड़ा (LPU) में स्टार्टअप कॉन्क्लेव में हिस्सा लेकर युवाओं को उद्यमिता की ओर प्रेरित किया था। वे लगातार यह संदेश दे रहे हैं कि पंजाब सरकार न केवल सरकारी नौकरियां दे रही है, बल्कि युवाओं को ‘जॉब क्रिएटर’ बनाने के लिए भी मंच प्रदान कर रही है।
मुख्यमंत्री का बार-बार जालंधर आना और विकास कार्यों व सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा करना यह दर्शाता है कि दोआबा क्षेत्र सरकार की प्राथमिकताओं में ऊपर है।