रेवंत रेड्डी बोले- BJP के लिए ओवैसी ही इकलौते भगवान:पार्टी राम का नाम लेती है, लेकिन वोट AIMIM के नाम पर मांगती है

तेलंगाना के मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने कहा कि भाजपा भगवान राम का नाम तो लेती है, लेकिन असल में उनके लिए सबसे बड़ा सहारा और इकलौता भगवान AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी हैं।

रेवंत रेड्डी ने सोमवार को हैदराबाद में प्रेस कॉंफ्रेस कर कहा कि भाजपा चुनाव जीतने के लिए बार-बार ओवैसी को मुद्दा बनाती है। अगर भाजपा के राजनीतिक इतिहास और बयानों का विश्लेषण करें, तो उनके लिए सिर्फ एक ही भगवान असदुद्दीन ओवैसी हैं।

रेवंत रेड्डी के BJP पर तीन बड़े आरोप…

  • भाजपा हर बार असदुद्दीन ओवैसी को खलनायक के रूप में पेश करती है। जब केंद्र और कई राज्यों में भाजपा की सरकारें हैं, तो अगर ओवैसी इतने बड़े विलेन हैं, उन्हें कंट्रोल क्यों नहीं किया जा रहा।
  • हर चुनाव में भाजपा ओवैसी को “अलादीन के चिराग” की तरह सामने रखकर वोट मांगती है। ओवैसी का नाम लेकर बार-बार चुनावी समर्थन मांगा जाता है।
  • धार्मिक भावनाओं को भड़काकर और किसी राजनीतिक दल या उसके नेताओं को नकारात्मक रूप में पेश कर राजनीति करना सही नहीं है। ये विचारधारात्मक कमजोरी है।

रेवंत रेड्डी बोले- AIMIM भी लोकतांत्रिक पार्टी है

रेवंत रेड्डी ने कहा कि लोकतंत्र में AIMIM भी एक राजनीतिक दल है। वह चुनाव लड़ती है और जहां जनसमर्थन मिलता है, वहां जीतती है।

उन्होंने कहा कि गुजरात, उत्तर प्रदेश, बिहार और पश्चिम बंगाल में AIMIM ने चुनाव लड़े और पश्चिम बंगाल में पांच सीटें भी जीतीं। ऐसे में उन्हें भूत-प्रेत या राक्षस बताकर वोट मांगना वैचारिक गरीबी है।

रेवंत रेड्डी ने अंत में तेलंगाना की जनता से सवाल करते हुए कहा कि सिर्फ धार्मिक नफरत भड़काकर, कुछ नेताओं को राक्षस बताकर राजनीति में जिंदा रहना वैचारिक गरीबी है। इस वैचारिक गरीबी को देखकर तेलंगाना की जनता को तय करना चाहिए कि भाजपा को वोट देना है या नहीं।

BJP बोली- रेवंत रेड्डी के लिए भाजपा ही भगवान

तेलंगाना BJP अध्यक्ष एन रामचंदर राव ने कहा कि असल में रेवंत रेड्डी के लिए BJP ही भगवान बन चुकी है, क्योंकि वे हर राजनीतिक बयान में BJP का नाम लेते हैं। रेवंत रेड्डी BJP का नाम लेकर मुस्लिम समुदाय को डराने की कोशिश करते हैं।

एन रामचंदर राव ने कहा कि कांग्रेस और AIMIM की राजनीतिक नजदीकी किसी से छिपी नहीं है। रेवंत रेड्डी और ओवैसी करीबी हैं और राजनीति में कांग्रेस व AIMIM साथ-साथ चलती रही हैं।

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