पटना- मल्टी मॉडल हब में पार्किंग के लिए लगेगा चार्ज:सेंसर और कैमरे से बनेगा ऑटोमेटिक टिकट, एक साथ खड़ी हो सकेंगी 225 कारें

जीपीओ गोलंबर के पास बने मल्टी मॉडल हब में अक्टूबर से वाहनों की पार्किंग के लिए शुल्क देना होगा। पटना स्मार्ट सिटी लिमिटेड ने हब और उससे जुड़े 440 मीटर लंबे सब-वे के संचालन व रखरखाव के लिए निजी एजेंसी के चयन की प्रक्रिया शुरू कर दी है।

पार्किंग व्यवस्था को स्मार्ट बनाने के लिए स्मार्ट पार्किंग मैनेजमेंट सिस्टम लगाया जा रहा है। सेंसर और कैमरे की मदद से ऑटोमेटिक टिकट बनेगा। वहीं, रेगुलर वाहन पार्क करने वालों के लिए मंथली पास की सुविधा मिलेगी।

प्रमुख पार्किंग स्थलों की दरों का होगा अध्ययन

हालांकि, पार्किंग शुल्क की दर अभी तय नहीं हुई है। पटना स्मार्ट सिटी लिमिटेड के अनुसार, पार्किंग शुल्क तय करने से पहले पटना जंक्शन, एयरपोर्ट और शहर के अन्य प्रमुख पार्किंग स्थलों पर लागू दरों का अध्ययन किया जा रहा है। इसी आधार पर मल्टी मॉडल हब की पार्किंग दर निर्धारित की जाएगी।

एक साथ खड़ी हो सकेंगी 225 कारें

मल्टी मॉडल हब में कई स्तरों पर पार्किंग की व्यवस्था की गई है। ग्राउंड फ्लोर पर 6 कार और 32 बसों की पार्किंग होगी। पहली मंजिल पर 67, जबकि दूसरी और तीसरी मंजिल पर 76-76 कारें खड़ी की जा सकेंगी। इस तरह हब में एक साथ 225 कारों की पार्किंग की क्षमता होगी।

सेंसर और कैमरे से बनेगा ऑटोमेटिक टिकट

वाहन के प्रवेश करते ही बूम बैरियर के पास लगा सेंसर उसे डिटेक्ट करेगा। इसके बाद एएनपीआर कैमरा वाहन की नंबर प्लेट स्कैन करेगा और ऑटोमेटिक टिकट जनरेट हो जाएगा। टिकट बनने के बाद बूम बैरियर खुल जाएगा।

नियमित रूप से वाहन पार्क करने वालों के लिए मंथली पास की सुविधा भी उपलब्ध कराई जाएगी। इससे रोजाना आने-जाने वाले यात्रियों को सुविधा मिलने की उम्मीद है।

96 दोपहिया वाहनों के लिए बनेगी रोटरी पार्किंग

इस हब परिसर में दोपहिया वाहनों के लिए रोटरी तकनीक आधारित पार्किंग तैयार की जाएगी। इसमें एक साथ 96 बाइक खड़ी की जा सकेंगी। पटना स्मार्ट सिटी की ओर से शहर में तीन स्थानों पर इस तरह की रोटरी पार्किंग विकसित करने की योजना है।

चार एजेंसियां तकनीकी रूप से योग्य

मल्टी मॉडल हब और सब-वे के संचालन के लिए निजी एजेंसी के चयन की प्रक्रिया जारी है। 19 सितंबर को हुई टेंडर कमेटी की बैठक में चार एजेंसियों को योग्य पाया गया है। इन एजेंसियों से 22 सितंबर तक आपत्तियां मांगी गई थीं। इसके बाद फाइनेंशियल बिड खोलकर एजेंसी का चयन किया जाएगा।

चयनित एजेंसी को पार्किंग के साथ पूरे मल्टी मॉडल हब और 440 मीटर लंबे सब-वे के संचालन एवं रखरखाव की जिम्मेदारी भी दी जाएगी।

रेस्तरां, दुकान और ईवी चार्जिंग की सुविधा

मल्टी मॉडल हब में व्यावसायिक गतिविधियों के लिए भी जगह तैयार की गई है। यहां 4,763 वर्गफुट का रेस्तरां, हब में पांच दुकानें और सब-वे में छह दुकानें बनाई गई हैं।

इसके अलावा एटीएम के लिए जगह और इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए ईवी चार्जिंग स्टेशन की सुविधा भी विकसित की जा रही है।

पार्किंग शुल्क तय होने और निजी एजेंसी के चयन की प्रक्रिया पूरी होने के बाद अक्टूबर से मल्टी मॉडल हब में व्यवस्थित पार्किंग व्यवस्था शुरू करने की तैयारी है।

इससे सड़क किनारे बेतरतीब पार्किंग को कम करने और यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने में मदद मिलने की उम्मीद है।