कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के खिलाफ पीएम मोदी को अपशब्द कहने पर शिकायत दर्ज कराई गई है। खड़गे ने पटना में कांग्रेस के कार्यक्रम में कहा था कि मोदी क्या, मोदी का बाप भी जाएगा।
खड़गे ने यह बात एक कार्यकर्ता के जवाब में कही। कार्यकर्ता ने कहा था कि मोदी जी नहीं जाने वाले हैं। जब तक देश में विद्रोह नहीं होगा, मोदी सरकार नहीं हटेगी। इस पर वहां मौजूद लोगों ने उस शख्स की पिटाई कर दी।
खड़गे के बयान पर गृह मंत्री अमित शाह से लेकर मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी सहित बीजेपी के कई नेताओं ने नाराजगी जताई है। सीएम सम्राट चौधरी ने कहा कि राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे माफी मांगे।
कोतवाली थाना में खड़गे के खिलाफ शिकायत
खड़गे के खिलाफ रविवार रात पटना के कोतवाली थाने में शिकायत की गई है। बीजेपी के प्रदेश कार्यसमिति सदस्य कृष्णा कुमार सिंह ने थानाध्यक्ष को आवेदन देकर मामले की जांच और उचित कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
कृष्णा कुमार सिंह ने आवेदन में कहा, नरेंद्र मोदी के पिता के संबंध में कथित रूप से अभद्र एवं अपमानजनक टिप्पणी किए जाने की जानकारी मुझे टीवी के माध्यम से हुई। इससे हम सभी काफी आहत हुए।
किसी व्यक्ति के परिवार के संबंध में सार्वजनिक मंच से अभद्र भाषा का इस्तेमाल करना संवेदनशील विषय है। सार्वजनिक जीवन में संवाद की मर्यादा और आपसी सम्मान बनाए रखना आवश्यक है।
उन्होंने पुलिस से संबंधित समाचार, वीडियो और अन्य उपलब्ध साक्ष्यों की जांच करने और बयान के वास्तविक शब्दों और संदर्भ की पुष्टि करने का अनुरोध किया है। उन्होंने कहा कि अगर जांच में कानून के उल्लंघन की पुष्टि होती है, तो संबंधित व्यक्ति के खिलाफ नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की जाए।
खड़गे के बयान पर शाह बोले- कांग्रेस रोज अभद्रता की सीमाएं पार कर रही है
गृह मंत्री अमित शाह ने कहा- कांग्रेस अध्यक्ष खड़गे ने PM के पिताजी के बारे में अभद्र टिप्पणी कर सारी मर्यादाएं तार-तार कर दी हैं। यह पहली बार नहीं है, जब कांग्रेस पार्टी ने मोदी जी या उनके परिवार को अपशब्द कहे हों। कभी उनकी माताजी के विषय में अपशब्द कहे, कभी उन्हें ‘मौत का सौदागर’ कहा, तो कभी ‘चायवाला’ कहकर उनकी गरीबी का उपहास उड़ाया। राहुल गांधी के नेतृत्व में कांग्रेस पार्टी हर रोज अभद्रता की सीमाएं पार करती जा रही है।
वहीं, मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि देश के प्रधानमंत्री के पिताजी के खिलाफ अपशब्द का प्रयोग करना अत्यंत ही दुर्भाग्यपूर्ण है। कांग्रेस पार्टी और राहुल गांधी किस तरह देश के प्रधानमंत्री के परिवार के प्रति दुर्भावना दिखाने का प्रयास करते हैं। इसलिए मैं कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष और राहुल गांधी तुरंत माफी मांगे। यह एक तरह से अपराध है।
भाजपा बोली- इनकी कार्यशैली माफियाओं जैसी
भाजपा ने X पर खड़गे का वीडियो शेयर करके लिखा- कभी जिस भाषा को गुंडे-मवालियों से जोड़ा जाता था, आज कांग्रेस अध्यक्ष उसी भाषा का प्रयोग कर रहे हैं। यह राजनीतिक पार्टी नहीं, बल्कि एक माफिया गैंग प्रतीत होती है।
नित्यानंद राय ने कहा- खड़गे का बयान संस्कारहीनता को दर्शाता है
केंद्रीय गृह राज्यमंत्री नित्यानंद राय ने पीएम मोदी के दिवंगत पिताजी को लेकर की गई अमर्यादित टिप्पणी की कड़ी निंदा की है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस की यह टिप्पणी उसकी राजनीतिक हताशा, कुंठा और संस्कारहीनता को दर्शाती है।
गिरिराज बोले- खड़गे, नेहरू खानदान की नौकरी करें, मोदी के पिता को गाली देने से बाज आएं
केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने कहा कि मैं तो समझा था कि सिर्फ राहुल ही मूर्ख हैं, लेकिन आज के बाद लग रहा हैं कि ये पूरी मूर्खों की टोली है। मोदी है मोदी रहेगा और मोदी 30 साल तक रहेगा। कांग्रेस का खात्मा हो चुका है। खड़गे को नौकरी करनी है तो नेहरू खानदान की नौकरी करें, लेकिन मोदी के पिता को गाली देने की सजा जनता देगी।
खड़गे बोले- सोशलिस्ट नीतीश BJP-RSS की गोद में जाकर बैठे
खड़गे ने कहा, ‘नीतीश कुमार सोशलिस्ट विचारधारा को लेकर आगे बढ़ें, लेकिन अब BJP-RSS की गोद में जाकर बैठ गए हैं। जब आदमी के पास कमजोरी आती है, तब आईडियोलॉजी के ऊपर से विश्वास उठ जाता है। हमें तो सभी ने मारा, फिर भी हम और मेरे लीडर राहुल गांधी जिंदा है और लड़ रहे हैं। लोगों के लिए मर रहे हैं।
शांति को भंग करने वाले RSS के लोग हैं। आज भी छुआछूत करने वाले लोग RSS में भरे पड़े हैं।’
जिसे पीटा गया, वह कांग्रेस का कार्यकर्ता
मोदी नहीं जाएंगे, कहने पर जिस शख्स को पीटा गया। वह कांग्रेस का ही कार्यकर्ता है। उसका नाम संतोष है। पिटाई के दौरान वहां मौजूद पुलिस वालों ने उसे बचाया और बाहर ले गई।
संतोष ने मीडिया से कहा- खड़गे उनकी बात समझ नहीं पाए। मैंने कहा था शांत बैठने से मोदी नहीं जाएगा। राहुल समेत विपक्ष ने सभी बड़े नेताओं को यह बात समझनी होगी। मोदी तब ही जाएंगे, जब विद्रोह होगा।
बिहार में लोकतंत्र को मजबूत करने वाले नायक थे श्रीकृष्ण
कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कहा कि श्रीकृष्ण सिंह आधुनिक बिहार में लोकतंत्र को मजबूत करने वाले नायक थे। आज कई जगह लैंड रिफॉर्म्स के कानून आए हैं, उसके लिए इंदिरा गांधी ने तो बहुत काम किया था।
1937 में बिहार में कांग्रेस की पहली सरकार श्रीकृष्ण के नेतृत्व में बनी। इसके बाद आजाद भारत में 1947 में बिहार में सरकार बनी। उनके मुख्यमंत्री काल में जमींदारी प्रथा खत्म, भूमि सुधार और चकबंदी एक्ट आई।
चुनाव आयोग और मोदी सरकार के बीच साठ-गांठ
मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि श्रीकृष्ण के समय में कुछ काम हुए या नेहरू के शासन में कोई तरक्की हुई तो बीजेपी के लोग बोलते हैं कि हमने किया। बीजेपी वाले वर्तमान की बात न करके नेहरू-इंदिरा काल में चले जाते हैं।
पिछले दिनों जो कुछ घटना घटी है, उससे पता चल रहा है कि चुनाव आयोग और मोदी सरकार के बीच बड़ी सांठ-गांठ हुई है। ज्ञानेश कुमार के आने के बाद मोदी जी ने.ऐसा कानून लाया कि कुछ भी गलती कर लो उन्हें 12 खून माफ है।
CEC की कमेटी में सिलेक्शन करने के लिए तीन लोग रहते थे। चीफ जस्टिस के साथ प्रधानमंत्री और अपोजिशन के लीडर शामिल होते थे। लेकिन अब मोदी सरकार ने चीफ जस्टिस को हटाकर मिनिस्टर को लेकर आए।
हमने उनकी कई गलतियां पहले ही पकड़ ली थी। राहुल गांधी ने 10 महीने में 14 बार गलतियों के बारे में कहा और ज्ञानेश कुमार की गलतियों को बताया। बिहार की सरकार चोरी की सरकार है। हर जगह चोरों की सरकार है। जो चोरी करते हैं, उसे सबक सिखाना होगा।
बिहार में पीएम मोदी की मां को अपशब्द कहे गए थे
बिहार के दरभंगा में 27 अगस्त 2025 को राहुल गांधी की वोटर अधिकार यात्रा के दौरान PM मोदी की मां को गाली दी गई थी। इसके विरोध में बिहार बंद किया गया और प्रदर्शन भी किए गए थे। पटना में बीजेपी और कांग्रेस कार्यकर्ता में मारपीट भी हुई थी। कई गाड़ियों में भी तोड़फोड़ की गई थी।