कनाडा के मिसिसॉगा में पंजाबी युवक पर एक विदेशी महिला ने चाकू से गर्दन पर हमला कर दिया। इससे पंजाबी युवक के गले की नसें कट गईं। उसे तुरंत अस्पताल ले जाया गया, लेकिन ICU में कुछ देर रहने के बाद उसने दम तोड़ दिया। डॉक्टर ने बताया कि नसें कटने से दिमाग को ऑक्सीजन जाना बंद हो गई थी। घटना के बाद महिला मौके से भाग गई।
मृतक की पहचान जगजीत सिंह संधू (29) के रूप में हुई है। जगजीत की बहन जसप्रीत कौर ने बताया कि यह घटना 6 सितंबर की है, लेकिन पुलिस ने अब कार्रवाई की है। पुलिस ने उस हमलावर विदेशी महिला को गिरफ्तार कर लिया है और उसके खिलाफ हत्या का केस दर्ज किया है।
आरोपी महिला की पहचान लोरेना सांचेज (42) के रूप में हुई है। मृतक की बहन का कहना है कि जगजीत सिंह संधू एक अन्य पंजाबी युवक को नस्लीय टिप्पणी से बचाने के लिए बीच-बचाव कर रहे थे। इसी दौरान उन पर यह हमला हुआ।
- विदेशी महिला ने एक भारतीय युवक को घेर रखा था: मृतक जगजीत की बहन जसप्रीत कौर ने बताया कि 6 सितंबर को उनके भाई की मिसिसॉगा में डंडास स्ट्रीट ईस्ट स्थित एक शेल्टर के बाहर बेरहमी से हत्या कर दी गई। शेल्टर में रहने वाली एक विदेशी महिला के बॉयफ्रेंड ने वहां एक भारतीय युवक को घेर रखा था। उस पर नस्ली टिप्पणियां करते हुए अपने देश वापस जाने को कहा जा रहा था।
- गर्दन के दाहिने हिस्से पर चाकू से हमला: जसप्रीत कौर ने बताया- जगजीत ने यह देख बीच-बचाव कर उस भारतीय युवक को छुड़ाया, तो उसकी उस विदेशी महिला के बॉयफ्रेंड से बहस होने लगी। इसी दौरान महिला ने पीछे से आकर जगजीत की गर्दन के दाहिने हिस्से पर चाकू से हमला कर दिया। चाकू लगने से दिमाग और दिल को जोड़ने वाली नसें कट गईं और अत्यधिक खून बहने की वजह से जगजीत को 10 सितंबर को अस्पताल में मृत घोषित कर दिया गया।
- पुलिस का असहयोग और कानूनी प्रक्रिया पर सवाल: जसप्रीत कौर का आरोप है कि इस पूरी ट्रेजडी के दौरान पील रीजनल पुलिस और स्थानीय प्रशासन का रवैया निराशाजनक और गैर-जिम्मेदाराना रहा। घटना के 3 दिन बाद तक पुलिस ने परिवार से कोई संपर्क नहीं किया। लगातार फोन करने के बावजूद कोई जवाब नहीं दिया।
- केवल सेकेंड डिग्री मर्डर का चार्ज लगाया: जसप्रीत कौर का कहना है कि जब आरोपी महिला की कोर्ट में पेशी हुई, तो बार-बार कहने के बावजूद पीड़ित परिवार को अदालत में मौजूद रहने की सूचना तक नहीं दी गई। इसके अलावा, पुलिस अधिकारियों ने पहले उन्हें आश्वासन दिया था कि महिला पर फर्स्ट डिग्री मर्डर (25 साल की जेल) का केस चलेगा, लेकिन बाद में परिवार को सोशल मीडिया के जरिए पता चला कि उस पर केवल सेकेंड डिग्री मर्डर का चार्ज लगाया गया है।
- कनाडा पंजाबी समुदाय के बच्चों के लिए सुरक्षित नहीं: जसप्रीत कौर ने कहा कि मीडिया में इस घटना और जगजीत की पहचान को सही तरीके से सामने नहीं लाया गया। जसप्रीत कौर का मानना है कि कनाडा अब भारतीय और पंजाबी समुदाय के बच्चों के लिए सुरक्षित नहीं रह गया है। यहां का सिस्टम पूरी तरह सुस्त पड़ चुका है।
- सभी को एकजुट होकर आवाज उठानी होगी: जसप्रीत ने कहा कि भारतीय समुदाय की कड़ी मेहनत और प्रगति को देखकर कुछ लोग जलने लगे हैं। उन्होंने पंजाबी और भारतीय समुदाय से अपील करते हुए कहा कि आज जो दुखों का पहाड़ उनके परिवार पर टूटा है, कल को वह किसी और के घर तक भी पहुंच सकता है। इसलिए, सभी को एकजुट होकर इस अन्याय और गिरती कानून-व्यवस्था के खिलाफ आवाज उठानी होगी, ताकि आने वाली पीढ़ियों के लिए एक सुरक्षित माहौल तैयार किया जा सके।