गहलोत बोले- महेश जोशी की बिना नोटिस गिरफ्तारी अनैतिक:एसीबी पर राजनीतिक आधार पर कार्रवाई का दबाव, भाजपा सरकार आकंठ भ्रष्टाचार में डूबी

जलजीवन मिशन घोटाले में पूर्व जलदाय मंत्री महेश जोशी को एसीबी के गिरफ्तार करने पर पूर्व सीएम अशोक गहलोत ने सवाल उठाए हैं। गहलोत ने महेश जोशी की गिरफ्तारी को अनैतिक और दुर्भावनापूर्ण ढंग से की गई गिरफ्तारी करार देते हुए बीजेपी सरकार पर गंभीर आरोप लगाए।

गहलोत ने सोशल मीडिया एक्स पर लिखा- पूर्व मंत्री महेश जोशी को एसीबी के गिरफ्तार करने में कानून के स्पष्ट दिशा-निर्देशों का उल्लंघन है। जब नियम है कि पहले नोटिस देकर पूछताछ की जानी चाहिए। इसके बाद ही आवश्यकता होने पर गिरफ्तारी का अधिकार है। तब बिना किसी नोटिस या पूछताछ के सुबह 5 बजे सीधे गिरफ्तारी करना सरकार की मंशा पर गंभीर सवाल खड़े करता है।

लिखा- सरकार आकंठ भ्रष्टाचार में डूबी

पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने लिखा-

मेरा हमेशा से ही मानना रहा है कि यदि किसी ने भ्रष्टाचार किया है तो उसे सजा मिलना सुनिश्चित होना चाहिए। पूरा प्रदेश जानता है कि राजस्थान में गांव-ढाणी से लेकर राजधानी तक भाजपा सरकार आकंठ भ्रष्टाचार में डूबी हुई है। प्रदेश की जनता पूरी तरह से परेशान हो चुकी है। उन्होंने कहा- एसीबी पर वास्तविक मामलों में कार्रवाई न करने और राजनीतिक आधार पर कार्रवाई करने का दबाव है। महेश जोशी पर की गई कार्रवाई इसी का उदाहरण है।

महेश जोशी ने जांच एजेंसियों को पूरा सहयोग किया

गहलोत ने लिखा- महेश जोशी ने ईडी की कार्रवाई के दौरान भी पूरा सहयोग दिया था। उनकी पत्नी के गंभीर बीमार होने के बावजूद वे नोटिस मिलने पर ईडी की पूछताछ के लिए गए‌ थे।

कोर्ट के सामने राजनीतिक प्रतिशोध का पर्दाफाश होगा

गहलोत ने लिखा- भाजपा सरकार कानूनी प्रक्रिया के उल्लंघन का एक नया तरीका अपना रही है। यह राजनीतिक दुर्भावना और सत्ता के दबाव में उठाया गया कदम है। हमें पूर्ण विश्वास है कि कोर्ट के सामने इस राजनीतिक प्रतिशोध का पर्दाफाश होगा।