NEET केस में लातूर की केमिस्ट्री कोचिंग का डायरेक्टर गिरफ्तार:3 दिन पहले पूछताछ हुई, CBI ने सेंटर पर छापेमारी की; अब तक 10 गिरफ्तार

NEET पेपर लीक केस में सोमवार को 10वीं गिरफ्तारी हुई है। CBI ने महाराष्ट्र के लातूर से शिवराज मोटेगांवकर को गिरफ्तार किया। 15 मई को मोटेगांवकर से उसके घर पर 8 घंटे पूछताछ हुई थी।

मोटेगांवकर का लातूर समेत 7 जिलों में रेणुकाई केमिस्ट्री क्लासेस (RCC) नाम का कोचिंग सेंटर है। रविवार को CBI ने RCC के मेन पर ऑफिस पर छापा मारकर कई डॉक्यूमेंट्स और इलेक्ट्रोनिक सामान जब्त किया था।

रिपोर्ट्स के मुताबिक कोचिंग सेंटर का ₹100 करोड़ का टर्नओवर है। CBI को शक है कि सेंटर में NEET कैंडिडेट्स को लीक पेपर के सवाल उपलब्ध कराए गए। साथ ही लातूर के कई डॉक्टरों ने लीक पेपर खरीदा।

NEET-UG पेपर लीक मामले में अब तक 10 आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है। इनमें से 5 महाराष्ट्र से हैं, इनमें 2 महिलाएं हैं।

17 मई: राहुल गांधी का सवाल- PM ने शिक्षा मंत्री को बर्खास्त क्यों नहीं किया

राहुल गांधी ने रविवार को X पोस्ट में लिखा था- NEET 2024 का पेपर लीक हुआ था, परीक्षा रद्द नहीं हुई। मंत्री ने इस्तीफा नहीं दिया। CBI ने जांच बैठाई। एक कमेटी बनी। NEET 2026 का पेपर लीक हुआ। परीक्षा रद्द हुई। मंत्री ने फिर इस्तीफा नहीं दिया। CBI फिर जांच कर रही है। एक और कमेटी बनेगी। मोदी जी, देश आपसे कुछ सवाल पूछ रहा है- जवाब दो, बार-बार पेपर लीक क्यों हो रहे हैं? बार-बार इस परीक्षा पे चर्चा पर आप चुप क्यों हैं? बार-बार फेल हो रहे शिक्षा मंत्री को आप बर्खास्त क्यों नहीं कर रहे हैं?

मंधारे NTA की पेपर सेटिंग कमेटी का हिस्सा रही

एजेंसी का दावा है कि मंधारे NTA की पेपर सेटिंग कमेटी का हिस्सा थीं। वह जानती थीं कि एग्जाम में कौन से सवाल आएंगे। उसने एग्जाम से पहले पुणे में स्पेशल कोचिंग क्लास चलाई। वहां छात्रों को बॉटनी और जूलॉजी के सवाल नोट करवाए थे।

जांच में यह भी सामने आया है कि मंधारे ने पुणे से गिरफ्तार ब्यूटीशियन मनीषा वाघमारे के जरिए NEET देने वाले स्टूडेंट्स को अपने कोचिंग में एडमिशन दिलाया था। CBI ने इस मामले में दिल्ली, जयपुर, गुरुग्राम, नासिक, पुणे और अहिल्यानगर से अब तक 9 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। टीम ने रविवार को नांदेड़ में एक आरोपी के फ्लैट पर छापा मारा था।

मंधारे ने पेपर के बदले लाखों रुपए लिए

CBI के मुताबिक मनीषा मंधारे और मनीषा वाघमारे ने छात्रों और उनके पेरेंट्स से लीक पेपर देने के बदले लाखों रुपए लिए। बाद में मनीषा वाघमारे ने अपने कॉन्टेक्ट्स के और लोगों तक पेपर पहुंचाए। मनीषा वाघमारे 14 मई को गिरफ्तार हुई थी।

मनीषा वाघमारे और पेपर लीक के मास्टरमाइंड पीवी कुलकर्णी से पूछताछ के आधार पर ही मनीषा मंधारे की गिरफ्तारी हुई है। कुलकर्णी लातूर का केमिस्ट्री प्रोफेसर है और कई सालों तक NEET पेपर सेटिंग से जुड़े पैनल का हिस्सा था।

एजेंसी के मुताबिक कुलकर्णी ने अप्रैल के आखिरी हफ्ते में अपने घर पर स्पेशल क्लास लेकर छात्रों को वे सवाल, ऑप्शन और जवाब बताए थे, जो बाद में एग्जाम में आए।

NTA में IRS अफसर आकाश जैन समेत 4 अधिकारियों की नियुक्ति

केंद्र सरकार ने नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) में बड़े प्रशासनिक फेरबदल करते हुए चार अधिकारियों की नियुक्ति की है। IRS अधिकारी आकाश जैन और आदित्य राजेंद्र भोजगढिया को जॉइंट डायरेक्टर बनाया गया है।

अनुजा बापट और रुचिता विज को भी NTA में जॉइंट सेक्रेटरी बनाया गया है। दोनों का कार्यकाल पदभार ग्रहण करने की तारीख से पांच साल या अगले आदेश तक रहेगा।

3 मई को हुई NEET-UG, 12 मई को रद्द, 21 जून को रीएग्जाम

NEET-UG परीक्षा 3 मई को देश के 551 शहरों और विदेश के 14 केंद्रों पर आयोजित हुई थी। इसमें करीब 23 लाख उम्मीदवार शामिल हुए थे। NTA के अनुसार 7 मई की शाम परीक्षा में गड़बड़ी की सूचना मिली थी। इसके बाद मामला केंद्रीय एजेंसियों को सौंपा गया। 12 मई को परीक्षा रद्द की गई और रीएग्जाम का फैसला लिया गया।

सुप्रीम कोर्ट पहुंची NTA को भंग करने की मांग वाली याचिका

यूनाइटेड डॉक्टर्स फ्रंट (UDF) ने NEET-UG 2026 पेपर लीक, एग्जाम कैंसिल होने के मामले में नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) को भंग करने की मांग करते हुए सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की है। एडवोकेट-ऑन-रिकॉर्ड रितु रेनीवाल और एडवोकेट महेंद्र कुमावत ने याचिका दायर की है। इसमें एक रिट जारी करते हुए केंद्र सरकार को निर्देश देने की मांग की गई है कि वह NTA को भंग कर दे। उसकी जगह संसद से पारित कानून के आधार पर नेशनल टेस्टिंग बॉडी बनाई जाए।

याचिका में एक ऐसी समिति गठित करने की भी मांग की गई है, जिसकी निगरानी अदालत करे। इस समिति का काम नेशनल लेवल की परीक्षाएं ऑर्गनाइज करने की प्रक्रिया की देखरेख करना और यह सुनिश्चित करना होगा कि परीक्षाओं का कोई पेपर न हो।