मानसून सत्र में न्यू ट्री एक्ट लाने का आग्रह:कुलदीप बिश्नोई ने राजस्थान CM को लिखी चिट्ठी; विधानसभा में विधेयक करें पेश

हरियाणा से पूर्व सांसद एवं भाजपा के राजस्थान चुनाव सह-प्रेक्षक कुलदीप बिश्नोई ने राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा को पत्र लिखकर आगामी मानसून विधानसभा सत्र में न्यू ट्री एक्ट को पारित कराने का आग्रह किया है। बिश्नोई ने कहा कि राजस्थान की पहचान प्रकृति संरक्षण और पर्यावरणीय परंपराओं से रही है।

विशेष रूप से बिश्नोई समाज ने सदियों से वृक्षों और वन्यजीवों की रक्षा के लिए बलिदान दिए हैं, जो आज भी पूरे समाज के लिए प्रेरणा हैं। 29 जुलाई को लिखे पत्र में कुलदीप बिश्नोई ने बताया कि उन्हें भीलवाड़ा जिले के श्री गुरु जम्भेश्वर मंदिर, समेलिया धाम में गुरु पूर्णिमा महोत्सव एवं राष्ट्रीय पर्यावरण चेतना संगम में शामिल होने का अवसर मिला।

इस दौरान संतों, समाज के प्रबुद्धजनों और पर्यावरण प्रेमियों ने एक स्वर में राज्य सरकार से घोषित ‘न्यू ट्री एक्ट’ को जल्द लागू करने की मांग उठाई।

कुलदीप बिश्नोई की ओर से लिखा गया पत्र…

राज्य स्तरीय ड्राफ्ट समिति रिपोर्ट दे चुकी

बिश्नोई ने पत्र में लिखा कि उन्हें जानकारी मिली है कि इस संबंध में राज्य स्तरीय ड्राफ्ट समिति अपनी रिपोर्ट दे चुकी है और विधि विभाग में परीक्षण की प्रक्रिया भी आगे बढ़ चुकी है। अब प्रस्ताव मुख्यमंत्री कार्यालय से मंजूरी मिलने के बाद विधानसभा में पेश किया जाना शेष है।

बिश्नोई समाज की भावनाओं का सम्मान

उन्होंने मुख्यमंत्री से आग्रह किया कि वर्तमान मानसून विधानसभा सत्र में इस विधेयक को पेश कर पारित कराया जाए, ताकि खेजड़ी सहित प्रदेश के सभी पेड़ों के संरक्षण को कानूनी मजबूती मिल सके।

उनका कहना है कि यह कानून केवल बिश्नोई समाज की भावनाओं का सम्मान नहीं होगा, बल्कि राजस्थान के पर्यावरण, जैव विविधता और आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य की दिशा में एक ऐतिहासिक एवं दूरदर्शी कदम साबित होगा।

इसलिए जरूरी न्यू ट्री एक्ट

राज्य वृक्ष खेजड़ी सहित प्रदेश के सभी महत्वपूर्ण और दुर्लभ पेड़ों की अवैध कटाई पर सख्त कानूनी रोक लगेगी। जैव विविधता को बचाने और थार के मरुस्थल के प्रसार को रोकने में यह एक्ट दूरदर्शी साबित होगा। इसके अलावा बिश्नोई समाज और प्रकृति संरक्षकों के सदियों पुराने संघर्ष और बलिदानों को वैधानिक मजबूती मिलेगी।