चंडीगढ़ में दो युवकों ने शराब के ठेके पर बम जैसे पदार्थ से हमला कर दिया। दोनों युवक एक्टिवा पर ठेके के बाहर पहुंचे थे। पीछे बैठे युवक ने सर्विस खिड़की के जरिए अंदर विस्फोटक जैसी वस्तु फेंकी। हालांकि, वस्तु अंदर जाने के बजाय ठेके पर मौजूद ग्राहकों के पैरों के पास जा गिरी। इसके कुछ ही सेकंड बाद जोरदार धमाका हुआ।
धमाका होते ही ठेके के बाहर अफरा-तफरी और भगदड़ मच गई। वारदात को अंजाम देने के बाद दोनों युवक एक्टिवा पर मौके से फरार हो गए। घटना 14 सितंबर की शाम करीब 6:47 से 6:50 बजे के बीच हुई। धमाके के तुरंत बाद ठेके के मैनेजर वरिंदर सिंह ने पुलिस कंट्रोल रूम के नंबर 112 पर सूचना दी।
सूचना मिलते ही सेक्टर-11 थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने मौके से जरूरी साक्ष्य जुटाए हैं और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है।
- सर्विस खिड़की पर फेंकी वस्तु: पुलिस को दी गई जानकारी के मुताबिक दोनों हमलावर एक्टिवा पर सवार होकर ठेके के बाहर पहुंचे। एक्टिवा पर पीछे बैठे युवक ने सर्विस खिड़की को निशाना बनाकर एक वस्तु अंदर फेंकी। उसका मकसद वस्तु को ठेके के अंदर पहुंचाना था, लेकिन वह अंदर जाने के बजाय ग्राहकों के पैरों के पास गिर गई। इसके तुरंत बाद तेज धमाका हुआ। लोग इधर-उधर भागने लगे। इसी दौरान एक्टिवा सवार दोनों युवक वहां से फरार हो गए।
- 5 दिन पहले ठेके के बाहर वीडियो बनाती दिखी महिला: इस मामले में एक और संदिग्ध गतिविधि पुलिस के सामने आई है। वारदात से करीब पांच दिन पहले 9 सितंबर की सुबह करीब 11 बजे एक अज्ञात महिला शराब ठेके के बाहर मोबाइल फोन से वीडियो बनाती हुई सीसीटीवी कैमरे में कैद हुई थी।
- फुटेज पुलिस को सौंपी: ठेका संचालक गौरव कुमार ने यह फुटेज भी पुलिस को सौंपी है। फुटेज में महिला ठेके के बाहर खड़ी होकर मोबाइल से परिसर की वीडियो रिकॉर्ड करती दिखाई दे रही है। अब पुलिस महिला की पहचान करने के साथ यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि वह वहां किस उद्देश्य से वीडियो बना रही थी।
- महिला की गतिविधियों की जांच: ठेका संचालक ने पुलिस से महिला की गतिविधियों की जांच करने की मांग की है। उनका कहना है कि यह पता लगाया जाना चाहिए कि महिला किसी जानकारी या रेकी के लिए ठेके की वीडियो बना रही थी या उसका वहां आने का कोई दूसरा कारण था।
- दोनों युवकों की पहचान करने की मांग: संचालक ने पुलिस से आसपास लगे सभी सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालने और महिला के साथ-साथ एक्टिवा सवार दोनों की पहचान करने की मांग की है। यह भी जांच का विषय है कि 9 सितंबर को महिला द्वारा बनाई गई वीडियो और 14 सितंबर को हुए हमले के बीच कोई संबंध है या नहीं।
हमले का मकसद अभी साफ नहीं पुलिस के सामने फिलहाल हमले के पीछे का मकसद स्पष्ट नहीं है। जांच में यह पता लगाया जा रहा है कि हमलावरों का उद्देश्य ठेके को नुकसान पहुंचाना था, कर्मचारियों और ग्राहकों को डराना था या इसके पीछे कोई अन्य आपराधिक कारण था।
हालांकि, पुलिस ने अभी यह पुष्टि नहीं की है कि हमलावरों ने वास्तव में बम या विस्फोटक ही फेंका था। घटनास्थल से मिली वस्तु की प्रकृति और धमाका किस कारण हुआ, इसकी जांच की जाएगी। फोरेंसिक जांच और घटनास्थल से जुटाए गए साक्ष्यों के आधार पर ही इसकी पुष्टि होगी।
संचालक ने सुरक्षा बढ़ाने की मांग की ठेका संचालक ने मैनेजर और कर्मचारियों की सुरक्षा को लेकर भी पुलिस से मांग की है। उन्होंने ठेके के आसपास पुलिस गश्त बढ़ाने और रात के समय विशेष निगरानी रखने का आग्रह किया है। साथ ही आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की रिकॉर्डिंग को भी जांच में शामिल करने की मांग की गई है, ताकि हमलावरों के आने-जाने का रास्ता पता चल सके।