कोरोना के बाद देश में बढ़ सकता है जीका वायरस का प्रकोप, इन शहरों में तेजी से फैल रहा संक्रमण

देश में एक तरफ कोरोना वायरस के मामलों में लगातार कमी आ रही है, तो दूसरी ओर डेंगू के साथ ही अब देश में जीका वायरस का प्रकोप भी बढ़ सकता है। उत्तर भारत में जीका वायरस का कहर देखने को मिल रहा है। डॉक्टरों ने भी जीका वायरस को लेकर चेतावनी दी है। स्वास्थ्य विभाग भी अलर्ट मोड पर है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक, जीका वायरस संक्रमण में मृत्यु दर (Mortality Rate) कोरोना वायरस से ज्यादा है। देश के कई शहरों में इस वायरस का संक्रमण तेजी से फैल रहा है जो कि एक चिंता का विषय है।उत्तर प्रदेश के कानपुर, कन्नौज और मथुरा समेत कई जिलों में जीका वायरस के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। प्रदेश के कानपुर और कन्नौज में जीका वायरस के मरीज मिलने के बाद मथुरा में हडकंप मचा हुआ है। उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) के कानपुर में जीका वायरस (Zika Virus) का हमला तेज होता जा रहा है। यहां जीका वायरस से संक्रमितों का आंकड़ा 100 के पार पहुंच चुका है। यह वायरस सामान्य लोगों से लेकर गर्भवती महिलाओं तक को संक्रमित कर रहा है। मंगलवार को कानपुर में जीका वायरस के 16 नए मरीज सामने आए, जिसमें दो गर्भवती समेत सात महिलाएं और नौ पुरुष हैं।

सर्विलांस टीमें सक्रिय

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बुधवार को कानपुर आ रहे हैं। इसे देखते हुए प्रशासन और स्वास्थ्य महकमे के अधिकारी अलर्ट मोड पर हैं। क्षेत्र में जीका संक्रमितों के सत्यापन के लिए सर्विलांस टीमें लगाई गई हैं। साथ ही घर-घर सर्वे भी चल रहा है।

मथुरा में भी संक्रमण का डर!

जीका वायरस को लेकर मथुरा में फिलहाल तो राहत है। मथुरा स्वास्थ्य विभाग द्वारा कराए गए सभी टेस्ट की रिपोर्ट लखनऊ के जी एम यू से नेगेटिव आई हैं। जिसके बाद स्वास्थ्य विभाग ने राहत की सांस ली। हालांकि, अभी भी स्वास्थ्य विभाग लोगों से सावधानी बरतने की अपील कर रहा है।

देश में सबसे पहले जीका वायरस साल 2017 में पाया गया था। गुजरात में साल 2017 में 3 और 2018 में 1 मामला सामने आया था। इसके बाद साल 2017 में तमिलनाडु में 1 मामला सामने आया। साल 2018 में मध्य प्रदेश में अचानक जीका वायरस के मामले बढ़े और 130 लोग संक्रमित पाए गए। इसी साल 2018 में ही राजस्थान में जीका वायरस के 159 मामले सामने आए। केरल में साल 2021 में जीका वायरस के मामले अचानक सामने आने लगे। तब वहां 64 मामले थे। इसी दौरान महाराष्ट्र में जीका वायरस का एक मामला सामने आया और अब यूपी के कानपुर समेत कई जिलों में इसका प्रकोप देखने को मिल रहा है।

1. जीका वायरस आमतौर पर एडीज मच्छर के काटने से फैलता है।

2. जीका वायरस का मच्छर दिन और रात दोनों में काटता है।

3. जीका वायरस एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में फैल सकता है।

4. गर्भवती महिलाओं में भी फ़ैल सकता है जीका वायरस।

5. जीका वायरस का असर उसके बच्चे पर भी हो सकता है।

सिरदर्द

बुखार

जोड़ो में दर्द

चकते

आखें लाल होना

मांसपेशियों में दर्द

जीका वायरस के लक्षण डेंगू (Dengue) और चिकनगुनिया (Chikungunya) जैसे होते हैं

1. किसी भी संक्रमित व्यक्ति के संपर्क में न आएं।

2. अगर आप संक्रमित व्यक्ति के संपर्क में आए है तो तुरंत ही हाथों को साबुन से धोलें और अपने कपड़ों को धो लें या बदल लें।

3. संक्रमित व्यक्ति के मुंह से अपना मुंह दूर रखें।

4. अगर आपको कोई बीमारी है जैसे बीपी, शुगर या दिल के मरीज़ है तो अपने डॉक्टर की सलाह ज़रूर लें।

1. जीका वायरस संक्रमित व्यक्ति में एक हफ्ते तक रहता है।

2. अगर आपको कोई लक्षण दिखाई दे तो तुरंत ही अपने डॉक्टर को संपर्क करें और ब्लड टेस्ट या मूत्रजांच (Urine Test) करवाएं।

3. अगर आप गर्भवती हैं तो लक्षण दिखने पर तुरंत जांच करवाएं।

4. जीका वायरस (Zika Virus) की कोई दवा अब तक नहीं बनी है, इसलिए संक्रमित लोगों को अपनी सेहत का खास ख्याल रखना चाहिए।

5. संक्रमित व्यक्ति को आराम करना चाहिए।

6. खूब तरल पदार्थ पीना चाहिए जैसे की पानी,कॉफ़ी और जूस।