आशा भोसले को कार्डियक अरेस्ट, हालत गंभीर:कल पोती ने कहा था- थकान और चेस्ट इन्फेक्शन के कारण अस्पताल में भर्ती किया

सिंगर आशा भोसले को कार्डियक अरेस्ट हुआ है। लंग्स (फेफड़े) में समस्या के कारण उनकी हालत गंभीर हो गई है। उन्हें शनिवार शाम मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में भर्ती कराया गया। न्यूज एजेंसी PTI ने सूत्रों के हवाले से यह जानकारी दी है। इससे पहले शनिवार को आशा भोसले की पोती जनाई ने इंस्टाग्राम पर लिखा था-

मेरी दादी आशा भोसले, बहुत ज्यादा थकान और छाती के इन्फेक्शन की वजह से अस्पताल में भर्ती हैं। उनका इलाज चल रहा है और उम्मीद है कि सब ठीक हो जाएगा। हम आपको जल्द ही अच्छी खबर देंगे।

12,000 से ज्यादा गाने गाए

आशा भोसले ने अपने करियर में 12,000 से ज्यादा गाने गाए हैं। उनके “दम मारो दम”, “पिया तू अब तो आजा” और “चुरा लिया है तुमने” जैसे गाने आज भी सदाबहार हैं। आशा भोसले के लिए संगीत का सफर इतना भी आसान नहीं था।

आशा भोसले मशहूर थिएटर एक्टर और क्लासिकल सिंगर दीनानाथ मंगेशकर की बेटी और महान गायिका लता मंगेशकर की छोटी बहन हैं। जब वो सिर्फ 9 साल की थीं तब उनके पिता का निधन हो गया था, जिसकी वजह से उन्होंने बहन लता मंगेशकर के साथ मिलकर परिवार को सपोर्ट करने के लिए सिंगिंग शुरू कर दी थी।

16 साल की उम्र में आशा भोसले ने बड़ी बहन लता के 31 साल के सेक्रेटरी गणपतराव भोसले से भागकर शादी की थी। लता जी और उनका परिवार इस शादी के सख्त खिलाफ था। इसके कारण उन्होंने आशा से लंबे समय तक बातचीत बंद कर दी थी।

शादी के बाद आशा भोसले को काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ा और वह घरेलू हिंसा का शिकार भी हुईं। वह जिंदगी से इतनी निराश हो गई थीं कि खुद को खत्म करना चाहती थीं। 1960 में वह पहले पति से अलग हो गईं।

जब आशा भोसले की पहली शादी टूट गई और वह अपने तीन बच्चों (हेमंत, वर्षा और आनंद) के साथ वापस अपने परिवार के पास आईं, तब धीरे-धीरे दूरियां कम होनी शुरू हुईं।

आरडी बर्मन की मां ने कहा था शादी मेरी लाश पर होगी

आशा भोसले ने दूसरी शादी संगीतकार आरडी बर्मन से की थी। दोनों की पहली मुलाकात 1956 में हुई थी। वहीं, उनकी गहरी दोस्ती और संगीत का सफर फिल्म तीसरी मंजिल (1966) के दौरान शुरू हुआ। फिर लगातार काम करते हुए दोनों की अच्छी दोस्ती धीरे-धीरे प्यार में बदलनी शुरू हुई।

आरडी बर्मन ने एक दिन मौका पाकर आशा के सामने शादी का प्रस्ताव रखा। आशा ने तुरंत हां कर दी थी, लेकिन बर्मन की मां ने शादी से साफ इनकार कर दिया। उन्होंने बर्मन से कहा कि अगर ये शादी होगी तो मेरी लाश पर ही होगी। बर्मन की मां इसलिए इनकार कर रही थीं, क्योंकि आशा उनसे 6 साल बड़ी थीं और 3 बच्चों की मां थीं।

तब बर्मन ने चुपचाप मां की बात मान ली। हालांकि, जब बर्मन के पिता एसडी बर्मन का निधन हुआ, तो मां की मानसिक स्थिति बिगड़ गई। ऐसे में मां की हालत में सुधार के लिए बर्मन ने आशा भोसले से 1980 में शादी कर ली थी।

साउंड रिकॉर्डिस्ट ने आवाज को खराब बताया था

आशा भोसले ने 50 से 90 के दशक के बीच ओपी नैयर, आरडी बर्मन, खय्याम और बप्पी लहरी जैसे कई संगीतकारों के साथ काम किया। कई सदाबहार गाने गाए। हालांकि, एक समय ऐसा भी था जब इसी आवाज को खराब बताकर रिकॉर्डिंग स्टूडियो से वापस भेज दिया गया था।

आरजे अनमोल के साथ बातचीत में आशा भोसले ने बताया था कि खराब आवाज बताकर उन्हें और किशोर कुमार को रिकॉर्डिंग स्टूडियो से बाहर जाने के लिए कहा गया था।

उन्होंने बताया था कि 1947 में वह किशोर कुमार के साथ जे.बी. रूंगटा के फेमस स्टूडियो में राज कपूर और नरगिस स्टारर फिल्म जान पहचान के लिए गाना रिकॉर्ड करने गई थीं। इस फिल्म के म्यूजिक डायरेक्टर खेमचंद प्रकाश थे।

आजकल स्टूडियो एयर-कंडीशन्ड होते हैं और उनमें ढेर सारी मशीनें होती हैं। उन दिनों दो ट्रैक वाली मशीनें होती थीं। एक ट्रैक संगीतकार और दूसरा गायक के लिए होता था। माइक भी एक ही रहता था और गायकों को उसके सामने खड़े होकर गाना पड़ता था।

आशा भोसले और किशोर कुमार ने गाना शुरू किया। इसके बाद साउंड रिकॉर्डिस्ट रॉबिन चटर्जी ने बंगाली में कहा था कि आप लोगों की आवाज माइक में अच्छी नहीं लग रही है। किशोर कुमार समझ गए क्योंकि वह बंगाली जानते थे। उन्होंने आशा भोसले से कहा कि कुछ गड़बड़ है। आशा कुछ नहीं बोली। रॉबिन चटर्जी ने म्यूजिक डायरेक्टर खेमचंद प्रकाश से कहा कि आप दूसरे सिंगर लाओ। इनकी आवाज गाने के लायक ही नहीं है। इसके बाद दोनों स्टूडियो से चले गए थे।