फीफा ने फुटबॉल वर्ल्डकप फाइनल के बाद खिलाड़ियों की झड़प की जांच शुरू कर दी है। इसमें दोषी पाए जाने वाले खिलाड़ियों पर कम से कम तीन मैचों का प्रतिबंध लग सकता है।
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार डिसिप्लिन कमेटी ने डिसिप्लिनरी एंड एथिक्स प्रॉसीक्यूटर नियुक्त किया है, जो संभावित नियम उल्लंघन की जांच करेगा।
न्यूयॉर्क के न्यू जर्सी स्टेडियम में स्पेन ने अर्जेंटीना को 1-0 से हराया। इसके बाद स्पेन के जश्न के दौरान अर्जेंटीना के लिएंड्रो परेडेस और थियागो अल्माडा, स्पेन के मिडफील्डर गावी से भिड़ गए।
झड़प में क्या हुआ?
- परेडेस पर एरिक गार्सिया की गर्दन पकड़ने का आरोप है। वहीं, नाहुएल मोलिना पर रोड्री की ओर मुक्का चलाने की कोशिश का आरोप है।
- इस दौरान निकोलस ओटामेंडी और रोड्री के बीच तीखी बहस हुई। अर्जेंटीना के सहायक कोच रॉबर्टो अयाला और दानी ओल्मो के बीच भी विवाद हुआ।
प्लेयर्स पर 3 मैचों का प्रतिबंध लग सकता है
FIFA अनुशासन संहिता के अनुच्छेद-14 के तहत हिंसक आचरण साबित होने पर खिलाड़ियों को न्यूनतम तीन आधिकारिक मैचों के लिए निलंबित किया जा सकता है। इसके अलावा जुर्माना और अर्जेंटीना फुटबॉल संघ (AFA) के खिलाफ कार्रवाई भी संभव है।
अर्जेंटीना पर बैनर मामले की जांच भी जारी
अर्जेंटीना पहले से ही इंग्लैंड के खिलाफ सेमीफाइनल के बाद दिखाए गए ‘Las Malvinas son Argentinas’ (फॉकलैंड/माल्विनास अर्जेंटीना के हैं) बैनर को लेकर FIFA की जांच का सामना कर रहा है। अब फाइनल के बाद हुई झड़प ने टीम की मुश्किलें और बढ़ा दी हैं।