कोटा में आबकारी विभाग ने हरियाणा और पंजाब से लाई जा रही शराब की एक बड़ी खेप रविवार रात को पकड़ी। विभाग ने एक ट्रक को जब्त किया है, जिसमें करीब 1320 पेटियों में शराब भरी हुई थी। शुरुआती जांच में सामने आया है कि यह शराब गुजरात सप्लाई के लिए ले जाई जा रही थी। फिलहाल शराब की कीमत करीब 60 लाख रुपए आंकी जा रही है।
आबकारी विभाग के एडिशनल कमिश्नर नरेश मालव ने बताया- मुखबिर की सूचना पर टीम को हाईवे पर तैनात किया गया था। उत्तराखंड पासिंग वाला ट्रक जब मंडाना टोल पहुंचा, तो उसे रुकवाया गया। ड्राइवर पुलिस को देखकर मौके से फरार हो गया।
एडिशनल कमिश्नर नरेश मालव ने बताया- इसके बाद ट्रक की तलाशी ली गई तो खाद के कट्टों के नीचे छिपाई गई राजधानी ब्रांड की अवैध शराब मिली। ट्रक को जब्त कर कोटा लाया गया। शराब की गिनती और गोदाम में रखवाने की प्रक्रिया देर रात तक चलती रही।
राजधानी ब्रांड की अवैध शराब बरामद
एडिशनल कमिश्नर नरेश मालव ने बताया कि ट्रक की तलाशी लेने पर खाद के कट्टों के नीचे छिपाई गई राजधानी ब्रांड की अवैध शराब मिली। ट्रक को जब्त कर कोटा लाया गया। शराब की गिनती और गोदाम में रखवाने की प्रक्रिया देर रात तक चलती रही।
तस्करों ने शराब को छिपाने के लिए ट्रक में ऊपर से वर्मी कंपोस्ट के कट्टे भर रखे थे, ताकि किसी को शक न हो। लेकिन मुखबिर की सूचना और विभाग की सतर्कता के चलते पूरी खेप पकड़ी गई। विभाग ने जब ट्रक की तलाशी ली तो अंदर बड़ी मात्रा में अवैध शराब बरामद हुई।
जांच में जुटा आबकारी विभाग
फिलहाल पकड़ी गई शराब की कीमत करीब 60 लाख रुपये आंकी जा रही है। हालांकि, विभाग का कहना है कि पूरी गिनती और ब्रांड के सत्यापन के बाद कीमत और बढ़ सकती है। गुजरात जैसे ड्राई स्टेट में चोरी-छिपे शराब सप्लाई का यह नेटवर्क कब से सक्रिय था और इसके पीछे कौन-कौन लोग शामिल हैं, आबकारी विभाग अब इस पूरे रैकेट की जांच में जुट गया है। विभाग का कहना है कि अवैध शराब तस्करी के खिलाफ आगे भी लगातार अभियान जारी रहेगा।