अमृतसर में किसानों का रेल रोको आंदोलन स्थगित:बाढ़ और ओलावृष्टि मुआवजे की मांग पर सहमति; कृषि मंत्री के साथ होगी बैठक

अमृतसर में प्रस्तावित किसानों के रेल रोको आंदोलन को फिलहाल स्थगित कर दिया गया है। भारतीय किसान यूनियन एकता संघर्ष के प्रदेश अध्यक्ष पलविंदर सिंह माहल ने बताया कि बाढ़ पीड़ितों के मुआवजे और ओलावृष्टि से हुए नुकसान के मुआवजे समेत विभिन्न मांगों को लेकर आज 11 अगस्त को दोपहर 12 बजे रेलों का चक्का जाम करने का ऐलान किया गया था।

माहल ने बताया कि डीआईजी, डिप्टी कमिश्नर और एसएसपी समेत प्रशासनिक अधिकारियों के साथ लगातार बैठकें चल रही थीं। किसानों की मुख्य मांग थी कि बाढ़ प्रभावित लोगों को जल्द से जल्द मुआवजे की राशि जारी की जाए, क्योंकि बाढ़ को एक साल बीत चुका है और प्रभावित परिवार आर्थिक परेशानी से गुजर रहे हैं।

प्रशासन ने किसानों को दिया आश्वासन

एसएसपी कार्यालय में हुई बैठक के दौरान प्रशासन की ओर से किसानों को आश्वासन दिया गया कि बाढ़ पीड़ितों के मुआवजे की राशि आज से ही जारी करने की प्रक्रिया शुरू की जा रही है। इसके साथ ही 2024 में ओलावृष्टि से हुए नुकसान के मुआवजे को लेकर भी संबंधित अधिकारियों द्वारा किसानों से बैंक खातों की जानकारी लेने के लिए संपर्क किया जा रहा है।

माहल ने कहा कि इन दोनों मांगों पर सरकार की सहमति बनने के बाद किसान संगठनों ने रेल रोको आंदोलन को फिलहाल स्थगित करने का फैसला लिया है। साथ ही पंजाब स्तर की अन्य मांगों को लेकर कृषि मंत्री के साथ चंडीगढ़ में बैठक की जाएगी।

13-14 जिलों से किसान पहुंचने वाले थे अमृतसर

माहल के मुताबिक, आंदोलन के लिए पंजाब के 13 से 14 जिलों से किसान अमृतसर पहुंचने वाले थे। सरकार द्वारा दो प्रमुख मांगों पर सहमति जताने के बाद संगठन के प्रदेश और जिला स्तर के नेताओं के साथ ऑनलाइन बैठक की गई, जिसमें आंदोलन को स्थगित करने पर सहमति बनी।

सौहार्दपूर्ण माहौल में हुई बैठक

इस मामले में SSP अमृतसर ने बताया कि किसान नेताओं के साथ DIG, DC और सिविल प्रशासन के अधिकारियों की बैठक सौहार्दपूर्ण माहौल में हुई। किसानों की मांगों को संबंधित विभागों और मंत्रालयों तक लिखित रूप में भेज दिया गया है। साथ ही, 15 अगस्त के बाद दोबारा बैठक कर किसानों की मांगों पर चर्चा की जाएगी।

SSP के मुताबिक, मुआवजे की बड़ी संख्या में अदायगी पहले ही की जा चुकी है, जबकि जिन किसानों का मुआवजा अभी बाकी है, उनकी सूचियां तैयार कर ली गई हैं और उन्हें भी मुआवजा दिया जाएगा।