पुलिसकर्मी के पति को फंसाने घर में रखे गांजा-शराब-हथियार:खगड़िया में ब्लैकमेलिंग केस के बाद रची साजिश, दो भाई गिरफ्तार; पूर्व गर्लफ्रेंड से शादी बनी वजह

खगड़िया के पसराहा थाना क्षेत्र में पुलिस ने एक व्यक्ति को शराब, गांजा और हथियार के मामले में फंसाने की कथित साजिश का खुलासा किया है। पुलिस के अनुसार, एक महिला पुलिसकर्मी के पति सतीश कुमार को फंसाने के लिए उसके बासा में शराब, गांजा और हथियार रखे गए थे।

मामले में पुलिस ने अमन राज और उसके भाई रंजन कुमार को गिरफ्तार किया है। पुलिस साजिश में शामिल दो अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच कर रही है।

पुलिस के अनुसार, 3 अक्टूबर की रात एक व्यक्ति ने पुलिस पदाधिकारी के सरकारी नंबर पर फोन कर सूचना दी कि सतीश कुमार नारायणपुर से बाइक पर भारी मात्रा में शराब लेकर घर की ओर आ रहा है। सूचना के आधार पर पुलिस ने बताए गए स्थान पर जांच की, लेकिन सतीश वहां नहीं मिला।

इसके बाद सूचना देने वाले ने अपना बयान बदल दिया। उसने पुलिस को बताया कि सतीश घर पहुंच चुका है और उसने अपने बासा में शराब, पिस्टल और गांजा छिपा दिया है। सूचना में अचानक हुए इस बदलाव से पुलिस को शक हुआ।

घर पहुंची पुलिस तो आराम कर रहा था सतीश

पुलिस टीम सतीश के घर पहुंची तो वह वहां आराम कर रहा था। पुलिस के अनुसार, उसे इस बात की जानकारी नहीं थी कि उसके खिलाफ शराब और हथियार रखने की सूचना दी गई है।

सतीश की पत्नी बिहार पुलिस में कांस्टेबल हैं। उन्होंने पुलिस को बताया कि अमन राज इस मामले के पीछे हो सकता है। महिला पुलिसकर्मी के अनुसार, अमन ने पहले उससे शादी करने से इनकार कर दिया था। बाद में उसने सतीश से शादी कर ली। इसके बाद अमन और सतीश की दोस्ती भी टूट गई।

महिला पुलिसकर्मी ने पुलिस को यह भी बताया कि अमन ने आपत्तिजनक फोटो-वीडियो के जरिए उसे ब्लैकमेल किया और उससे 10 लाख रुपए से अधिक की रकम ली। उसकी शिकायत पर 3 अक्टूबर को पसराहा थाना में कांड संख्या 214/26 दर्ज किया गया था।

बासा से 200 ग्राम गांजा, 5.625 लीटर शराब और हथियार बरामद

पुलिस ने सतीश के बासा की तलाशी ली तो वहां एक बोरे में 200 ग्राम गांजा, 5.625 लीटर अंग्रेजी शराब, एक देसी कट्टा, तीन जिंदा कारतूस और चार खोखे मिले।

सतीश ने पुलिस को बताया कि बरामद सामान उसका नहीं है और उसे फंसाने के लिए बासा में रखा गया है। पुलिस के अनुसार, बासा खुली जगह पर था और वहां कोई भी सामान रख सकता था।

जांच के दौरान पुलिस ने उस मोबाइल नंबर की पड़ताल की, जिससे सतीश के खिलाफ लगातार सूचना दी जा रही थी। नंबर अमन राज के नाम पर मिला। इसके बाद पुलिस ने अमन की भूमिका की जांच शुरू की।

पहले शराब की सूचना देकर पुलिस को बासा तक पहुंचाने का आरोप

पुलिस के अनुसार, साजिश के तहत पहले सतीश के बाइक से शराब लेकर आने की सूचना दी गई। जब वह सूचना सही नहीं मिली तो बाद में कहा गया कि सतीश घर पहुंच चुका है और उसने बासा में शराब, गांजा और हथियार रखे हैं।

पुलिस का कहना है कि सूचना देने का यह तरीका संदिग्ध था। जांच में यह भी सामने आया कि अमन पुलिस को लगातार सतीश को जल्द पकड़ने के लिए कह रहा था। पुलिस के अनुसार, इससे यह आशंका मजबूत हुई कि उसका मकसद सतीश के खिलाफ तत्काल कार्रवाई करवाना था।

सतीश के नारायणपुर जाने की भी हुई जांच

पूछताछ में सतीश ने बताया कि वह दिन में अपनी पत्नी को डॉक्टर को दिखाने के लिए नारायणपुर गया था। उसके पास डॉक्टर की पर्ची भी थी। उसने पुलिस को बताया कि वह दोपहर करीब 3:04 बजे नारायणपुर से वापस आ गया था।

पुलिस के अनुसार, इस जानकारी से भी अमन की ओर से दी गई सूचना पर सवाल खड़े हुए, क्योंकि अमन ने बताया था कि सतीश उसी समय नारायणपुर से बाइक पर शराब लेकर घर लौट रहा है।

अमन और सतीश 5 साल से थे दोस्त

पुलिस के अनुसार, अमन राज और सतीश कुमार करीब पांच साल से दोस्त थे। सतीश ने अमन की पूर्व प्रेमिका से शादी कर ली थी। महिला पुलिसकर्मी ने पुलिस को बताया कि अमन ने उससे शादी करने से इनकार किया था, जिसके बाद उसने सतीश से शादी की।

पुलिस का कहना है कि इसी पुराने विवाद और महिला पुलिसकर्मी की ओर से दर्ज कराई गई ब्लैकमेलिंग की शिकायत के बाद बदले की भावना से सतीश को फंसाने की साजिश रची गई।

भाई समेत दो गिरफ्तार, दो अन्य की भूमिका की जांच

पुलिस के अनुसार, अमन के घर पहुंचने पर उसका भाई रंजन कुमार समेत कुछ अन्य लोग भी मौजूद थे। पुलिस ने अमन राज और रंजन कुमार को गिरफ्तार कर लिया है। दो अन्य लोगों की पहचान और उनकी भूमिका की जांच की जा रही है।

बरामदगी के मामले में पसराहा थाना में 4 अक्टूबर को कांड संख्या 215/26 दर्ज किया गया है। पुलिस के अनुसार, मामले में BNS, NDPS एक्ट, बिहार मद्यनिषेध एवं उत्पाद अधिनियम और आर्म्स एक्ट की संबंधित धाराओं के तहत कार्रवाई की जा रही है।

पुलिस अब यह पता लगा रही है कि बासा में गांजा, शराब और हथियार किसने रखा था और इस कथित साजिश में अन्य कौन-कौन लोग शामिल थे।