मोदी ने सिक्किम में बच्चों के साथ फुटबॉल खेली:सोशल मीडिया पर कहा- एनर्जी से भर गया; राज्य के 50वें स्थापना दिवस कार्यक्रम में शामिल हुए

पीएम नरेंद्र मोदी 2 दिन के सिक्किम दौरे पर हैं। उन्होंने मंगलवार सुबह गंगटोक में बच्चों के साथ फुटबॉल खेली। पीएम ने सोशल मीडिया पर फुटबॉल खेलते हुए तस्वीरें शेयर की। पीएम ने X पर लिखा, ‘इन बच्चों के साथ फुटबॉल खेलकर ऊर्जा से भर गया।’

आज मोदी राज्य के 50वें स्थापना दिवस समारोह के समापन कार्यक्रम में शामिल हुए। इसके अलावा उन्होंने ₹4000 करोड़ से ज्यादा की परियोजनाओं का शिलान्यास भी किया।

पीएम मोदी ने कहा कि जब देश में राजनीतिक स्वार्थ के चलते भाषावाद, प्रांतवाद, ऊंच-नीच और भेदभाव की लगातार कोशिश हो रही है। तब आज सिक्किम ने ‘एक भारत, श्रेष्ठ भारत’ का दर्शन करा दिए।

PM मोदी की स्पीच के 4 पॉइंट्स…

  • पीएम ने कहा- सिक्किम और नार्थईस्ट हमारे लिए सिर्फ देश का एक अहम हिस्सा ही नहीं है, बल्कि भारत की अष्टलक्ष्मी है। इसलिए हम एक्ट ईस्ट की पॉलिसी पर तो काम कर रहे हैं, साथ ही हमने नार्थईस्ट के लिए एक्ट फास्ट का संकल्प भी लिया है।
  • कांग्रेस की सरकारों ने हमेशा सिक्किम के विकास को पीछे धकेला। केंद्र में भाजपा सरकार आने के बाद विकास को फिर से गति मिली है। पहली बार सिक्किम तक रेल पहुंचने जा रही है।
  • यहां आते ही एक नई अनुभूति होती है, माहौल मन को खुशियों से भर गया। पूरब का स्वर्ग सिक्किम, ऑर्किड्स का गार्डन सिक्किम। सिक्किम के लोगों से मिलना मुझे हमेशा एक अलग सुकून देता है।

PM ने पहले दिन रोड शो किया था

मोदी सोमवार शाम को सिक्किम पहुंचे थे। इसके बाद उन्होंने लिबिंग हेलिपैड से गवर्नर हाउस (लोक भवन) तक उन्होंने रोड शो किया। 16 मई 2025 को सिक्किम को राज्य बने 50 साल पूरे हुए थे। तब पीएम वर्चुअली 50वें स्थापना दिवस समारोह से जुड़े थे। मंगलवार को एक साल से चल रहे समारोह का समापन होगा।

16 मई 1975 को सिक्किम भारत का हिस्सा बना

  • 1947: भारत की आजादी के समय नेहरू चाहते थे कि जैसे भूटान के साथ भारत ने मित्रता की संधि की है, वैसे ही सिक्किम के साथ भी हो जाए। 1950 में भारत-सिक्किम शांति समझौता हुआ। इसके तहत सिक्किम भारत का प्रोटेक्टर स्टेट यानी संरक्षित राज्य बना। अब सिक्किम की सुरक्षा और विदेश नीति की जिम्मेदारी भारत की थी।
  • 1967:1 अक्टूबर, 1967 को चीनी सेना ने नाथू-ला के रास्ते सिक्किम में घुसपैठ की कोशिश की। भारतीय आर्मी इस हमले को रोकने में सफल रही, लेकिन भारत को समझ आ गया था कि उत्तर पूर्वी भारत में घुसने के लिए चीन, सिक्किम के रूट पर नजर गड़ाए बैठा है। सिक्किम के राजा चोग्याल पाल्डेन थोंडुप नामग्याल सिक्किम को भूटान जैसा दर्जा देने की मांग करने लगे।
  • 1973: इंदिरा गांधी सिक्किम की समस्या का हल चाहती थीं। उन्होंने खुफिया एजेंसी रॉ के चीफ आरएन काव से मदद मांगी। इसके बाद काव ने 1973 में सिक्किम में ऑपरेशन शुरू किया। ऑपरेशन का नाम था- ‘जनमत’ और ‘ट्विलाइट’।
  • 1974: विधाससभा चुनाव के बदा काजी मुख्यमंत्री बने। उन्होंने विधानसभा में ‘द गवर्नमेंट ऑफ सिक्किम एक्ट, 1974’ पास कराया, जिससे सिक्किम को भारत के एसोसिएट स्टेट का दर्जा मिला। 25 जून 1974 को चोग्याल सिक्किम का भारत से अलग राज्य का दर्जा बनाए रखने की बात करने भारत आए, लेकिन इस बातचीत से स्थिति में कोई बदलाव नहीं हुआ।
  • 1975: 9 अप्रैल 1975 को भारतीय सेना की 64 माउंटेन ब्रिगेड सिक्किम के राजमहल पहुंची। एक सैनिक ने उन्हें रोकने की कोशिश की, जिसे गोली मार दी गई। नितिन ए. गोखले अपनी किताब, ‘आर. एन. काव- जेंटलमैन स्पायमास्टर’ में बताते हैं, ’20 मिनट से भी कम समय में भारतीय सेना ने सिक्किम गार्ड्स को निशस्त्र कर दिया।’ चोग्याल को हाउस अरेस्ट कर लिया गया।
  • इसके बाद 14 अप्रैल 1975 को सिक्किम में एक रेफरेंडम कराया गया, इसमें सिक्किम के लोगों ने भारत में शामिल होने या न होने के लिए वोटिंग की। 97.5% यानी 59,637 लोगों ने भारत में शामिल होने के पक्ष में वोट किए जबकि सिर्फ 1,496 लोगों ने इसका विरोध किया। 26 अप्रैल को सिक्किम को भारत का 22वां राज्य बनाने के लिए संसद में 36वां संविधान संशोधन बिल पास किया गया।