हरियाणा में रिटायर्ड IAS की पुनर्नियुक्ति पर सवाल:केंद्र ने कहा-राज्य सरकार से लें जानकारी, RTI में खुलासा; अभी ऑर्डर पब्लिक डोमेन में नहीं

हरियाणा में रिटायर हुए आईएएस अधिकारी मुकेश कुमार आहूजा को 3 महीने के लिए दोबारा नौकरी (री-एम्प्लॉयमेंट) देने के मामले में केंद्र सरकार ने महत्वपूर्ण जवाब दिया है। केंद्रीय कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग (DOPT) ने स्पष्ट किया है कि आईएएस कैडर नियमावली, 1954 का नियम 9 रिटायरमेंट के बाद पुनर्नियुक्ति से संबंधित नहीं है।

31 मार्च 2026 को रिटायर हुए 2009 बैच के आईएएस अधिकारी मुकेश कुमार आहूजा को हरियाणा सरकार ने उसी दिन 1 अप्रैल से 30 जून 2026 तक 3 महीने के लिए दोबारा नियुक्ति दे दी।

दो पदों की देख रहे जिम्मेदारी

सबसे अहम बात यह है कि रिटायर्ड आईएएस मुकेश आहूजा इस दौरान वे अपने पुराने दोनों पदों पर बने रहेंगे। अभी वह हरियाणा राज्य कृषि विपणन बोर्ड के मुख्य प्रशासक के पद पर कार्यरत हैं। इसके अलावा हरियाणा लोक सेवा आयोग (HPSC) के सचिव पद की भी जिम्मेदारी देख रहे हैं।

हालांकि, एक सप्ताह बीत जाने के बाद भी इस पुनर्नियुक्ति का आधिकारिक आदेश सार्वजनिक वेबसाइट पर अपलोड नहीं किया गया, जो सामान्यत: एक-दो दिन में जारी कर दिया जाता है।

RTI के 24 घंटे में मिला जवाब

पंजाब हरियाणा हाईकोर्ट के एडवोकेट हेमंत कुमार ने 6 अप्रैल को केंद्र सरकार के पोर्टल पर आरटीआई लगाकर इस पुनर्नियुक्ति की पूरी जानकारी मांगी थी। केंद्र सरकार ने यह आरटीआई डीओपीटी को भेजी और सिर्फ 24 घंटे के भीतर जवाब दे दिया।

सितंबर 2025 में एक रिटायर्ड आईपीएस अधिकारी को भी 3 महीने का विस्तार दिया गया था। लेकिन अब केंद्र के जवाब के बाद यह सवाल उठ रहा है कि यह पुनर्नियुक्ति किस नियम के तहत दी जाती है।

डीओपीटी ने अपने जवाब में क्या कहा

केंद्रीय कार्मिक विभाग की ओर से नियम 9 केवल कैडर पोस्ट पर गैर-कैडर अधिकारी की अस्थायी नियुक्ति से संबंधित है। यह नियम रिटायर हो चुके आईएएस अधिकारियों की पुनर्नियुक्ति से संबंधित नहीं है। पुनर्नियुक्ति की जानकारी संबंधित राज्य सरकार से ही ली जा सकती है। हरियाणा में पहले भी 3 महीने की पुनर्नियुक्ति मिलती रही है। पिछले कई वर्षों से हरियाणा में रिटायर आईएएस और आईपीएस अधिकारियों को 3 महीने की पुनर्नियुक्ति दी जाती रही है।

सीएम-गवर्नर को भेजा लेटर

एडवोकेट हेमंत कुमार ने इस मामले को लेकर राज्यपाल असीम घोष, मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी और मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी को लेटर लिखकर मांग की है कि मुकेश आहूजा की पुनर्नियुक्ति का आदेश जल्द सार्वजनिक किया जाएं। यह स्पष्ट किया जाए कि उन्हें किस नियम के तहत दोबारा नियुक्त किया गया है।