PSEB के चेयरमैन की स्कूल संचालकों को दोटूक:बिना बर्थ सर्टिफिकेट के 8वीं में नहीं होगा एडमिशन, टीचर्स के देने होंगे मोबाइल नंबर

पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड(PSEB) से एफिलिएटिड और एसोसिएटिड स्कूल संचालक 8वीं क्लास में एडमिशन के लिए बर्थ सर्टिफिकेट की अनिवार्यता को खत्म करने की डिमांड कर रहे हैं। वहीं दूसरी तरफ प्राइवेट स्कूल संचालक टीचर्स के मोबाइल नंबर मांगे जाने का भी विरोध कर रहे हैं।

पीएसईबी के चेयरमैन डॉ. अमरपाल सिंह ने स्कूल संचालकों को दोटूक कह दिया कि 8वीं और उससे ऊपर की कक्षाओं में बिना बर्थ सर्टिफिकेट के एडमिशन नहीं होगा और एफलिएटिड व एसोसिएटिड स्कूलों को अपने टीचर्स के मोबाइल नंबर बोर्ड को देने पड़ेंगे।

स्कूल संगठनों ने इस संबंध में बोर्ड के चेयरमैन के साथ बैठक भी की लेकिन चेयरमैन ने उनकी इन दोनों डिमांड्स को सिरे से नकार दिया। बोर्ड के रवैये से स्कूल संचालक खफा हैं और उन्होंने पंजाब भर के स्कूल संगठनों के प्रतिनिधियों की बैठक कॉल कर दी।

पंजाब में 5000 से अधिक एफिलिएटिड व एसोसिएटिड स्कूल

स्कूल संगठनों के प्रतिनिधियों का कहना है कि पंजाब में 5000 से अधिक एफिलिएटिड व एसोसिएटिड स्कूल हैं जिनमें 10 से 15 लाख स्टूडेंट पढ़ते हैं। वहीं दूसरी तरफ ऑनलाइन एडमिशन के लिए सरकारी स्कूलों को भी आठवीं से 12 वीं तक के स्टूडेंट़स के बर्थ सर्टिफिकेट लगाने होंगे।

पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड के आदेशों में क्या-क्या लिखा है, जानिए…

  • रजिस्ट्रेशन ऑनलाइन दर्ज करना जरूरी: पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड ने स्कूल संचालकों को सख्त हिदायतें दी हैं कि एडमिशन रजिस्ट्रर मैनुअल के साथ-साथ ऑनलाइन भी तैयार करना होगा। आठवीं क्लास से 12 वीं क्लास तक सभी विद्यार्थियों का रिकार्ड ऑनलाइन फीड करना होगा। स्कूल संचालकों को आठवीं से 12 वीं कक्षा तक सभी बच्चों का डेटा बोर्ड की वेबसाइट पर अपलोड करना होगा।
  • ऑनलाइन फीड के लिए बर्थ सर्टिफिकेट जरूरी: बोर्ड ने आठवीं क्लास से 12वीं क्लास तक के स्टूडेंट्स का डेटा ऑनलाइन फीड करते समय उनका बर्थ सर्टिफिकेट नंबर फीड करना जरूरी कर दिया है। बिना बर्थ सर्टिफिकेट के बच्चे का डेटा फीड ही नहीं होगा। स्कूलों में कई बच्चे ऐसे पढ़ रहे हैं जिनके पास बर्थ सर्टिफिकेट नहीं हैं और उनके एडमिशन सेल्फ डेक्लारेशन के जरिए हुआ है।
  • इंफ्रास्ट्रक्चर की जानकारी: स्कूल संचालकों को बोर्ड की वेबसाइट पर स्कूल के पूरे इंफ्रास्ट्रक्चर के बारे में जानकारी अपलोड करनी है। उसमें स्कूल बिल्डिंग, पीने का पानी, टायलेट, क्लास रूम समेत तमाम जानकारियां भरनी होंगी।
  • टीचर्स की जानकारी व मोबाइल नंबर: पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड ने स्कूल संचालकों को कहा कि वो बोर्ड की वेबसाइट पर टीचर्स की जानकारी के साथ उनका मोबाइल नंबर व पैन नंबर भी फीड करेंगे ताकि बोर्ड स्कूल टीचर्स से सीधा संपर्क कर सके। इसके अलावा टीचर्स के मोबाइल नंबर पर ओटीपी आएगा और बोर्ड उनसे ओटीपी लेकर वेरिफाई करेगा।
  • स्कूल प्रिंसिपल सेल्फ डेक्लारेशन देगा: स्टूडेंट्स व टीचर्स का डेटा फीड करने के बाद प्रिंसिपल सेल्फ डेक्लारेशन अपलोड करेगा और उसके बाद स्कूलों की लॉगइन आईडी खुलेगी और वो अपने नियमित काम कर सकेंगे।स्कूलों को जारी किए गए आदेश।

स्कूल संचालक क्यों कर रहे हैं बोर्ड के आदेशों का विरोध, जानिए..

  • बर्थ सर्टिफिकेट की अनिवार्यता: स्कूल संगठनों का कहना है कि आठवीं क्लास में एडमिशन के लिए बर्थ सर्टिफिकेट जरूरी नहीं है। राइट टू एजुकेशन एक्ट के तहत बिना बर्थ सर्टिफिकेट के एडमिशन किया जा सकता है। पैरेंट़्स को बर्थ सर्टिफिकेट के लिए बाध्य नहीं कर सकते। ऐसे में स्कूलों में कई ऐसे बच्चे हैं जिनके पास बर्थ सर्टिफिकेट नहीं है। इसके अलावा अन्य राज्यों से आने वाले बच्चों के पास भी बर्थ सर्टिफिकेट नहीं होते। बोर्ड के आदेश के कारण ऐसे बच्चों का ऑनलाइन एडमिशन ही नहीं होगा।
  • टीचर्स के मोबाइल नंबर: स्कूल संगठनों के प्रतिनिधियों का कहना है कि पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड उनके टीचर्स को किसी तरह की सहायता नहीं देता है। ऐसे में टीचर्स के फोन नंबर व पैन नंबर क्यों लिया जा रहा है। बोर्ड को अगर कोई संदेह है तो वो टीचर्स की वेरिफिकेशन करे।

आज जालंधर में होगी बैठक

पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड से एफिलिएटिड व एसोसिएटिड स्कूलों अलग-अलग संगठनों के प्रतिनिधियों की बैठक आज जालंधर में रखी गई है। बैठक में स्कूल संचालक आगे की रणनीति तय करेंगे। स्कूल संघ के कॉर्डिनेटर राजेश नागर ने बताया कि इस बैठक में हर संगठन से प्रतिनिधियों को बुलाया गया है। बैठक में जो भी रणनीति बनेगी उससे सभी स्कूल संचालकों को अवगत करा दिया जाएगा।